हमसे जुड़े

Follow us

21.7 C
Chandigarh
Wednesday, February 11, 2026
More
    Home राज्य हरियाणा शरीरदानी बने ...

    शरीरदानी बने भूरा सिंह इन्सां, फूलों से सजी गाड़ी में किया रूखस्त

    Bhura Singh Insan sachkahoon

    सच कहूँ/राजू, ओढां। रोड़ी निवासी डेरा सच्चा सौदा के अनुयायी भूरा सिंह इन्सां ने जीते जी तो मानवता भलाई कार्यों में हिस्सा लिया ही अपितु मरणोपरांत भी शरीरदान जैसा वो महान कार्य कर गए जिसके लिए वे हमेशा स्मरणीय रहेंगे। शरीरदानी को ब्लॉक रोड़ी की साध-संगत ने इलाही नारे व सैल्यूट के साथ फूलों से सजी गाड़ी में रूखस्त किया। इस कार्य की लोगों ने प्रशंसा की है। जानकारी मुताबिक रोड़ी निवासी 75 वर्षीय भूरा सिंह इन्सां पिछले कुछ समय से अस्वस्थ चल रहे थे। उन्होंने मंगलवार दोपहर को अंतिम सांस ली। भूरा सिंह इन्सां ने परम पिता शाह सतनाम जी महाराज से नाम शब्द लिया हुआ था। उन्होंंने पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की पावन प्रेरणाओं पर चलते हुए शपथ पत्र भर मरणोपरांत देहदान का संकल्प लिया हुआ था।

    भूरा सिंह इन्सां के मरणोपरांत उनके पुत्र चरणजीत सिंह इन्सां ने अपने पिता की अंतिम इच्छानुसार उनकी मृत देह प्रसाद इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस एंड हॉस्पिटल बंथरा (यूपी) में दान कर दी। सचखंडवासी को अंतिम विदाई देने हेतु शाह सतनाम जी ग्रीन-एस वैल्फेयर फोर्स विंग के सेवादार व साध-संगत मौजूद रही। साध-संगत ने सचखंडवासी भूरा सिंह इन्सां अमर रहेझ् के नारे लगाकर व सैल्यूट कर उन्हें फूलों से सजी गाड़ी में अंतिम विदाई दी। इससे पूर्व उनकी अर्थी को कंधा देने की रस्म उनकी बेटियों किरणा कौर इन्सां, गुरमीत कौर, पौत्री गुरप्रीत कौर इन्सां व हरप्रीत कौर इन्सां ने निभाई। इस अवसर पर ब्लॉक कमेटी के अलावा अनेक गणमान्य व्यक्ति मौजूद थे।

    35 वर्षों तक रहे शाही कैं टीन के सेवादार

    भूरा सिंह इन्सां डेरा सच्चा सौदा से नाम शब्द लेने उपरांत पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां द्वारा मानव हित में गठित की गई शाह सतनाम जी ग्रीन-एस वैल्फेयर फोर्स विंग की वर्दी लेते हुए सेवा कार्यों में जुट गए। ब्लॉक रोड़ी के ब्लॉक भंगीदास पवन इन्सां ने बताया कि भूरा सिंह इन्सां डेरा सच्चा सौदा द्वारा चलाए जा रहे मानवता भलाई कार्यों में अग्रणी भूमिका निभाते थे। उन्हें जब भी सेवा कार्य का संदेश मिलता वे हमेशा तत्पर रहते थे। वे करीब 35 वर्षों तक शाह मस्ताना जी धाम की शाही कैंटीन में लगातार सेवा करते रहे। भूरा सिंह इन्सां कस्बा रोड़ी के तीसरे शरीरदानी के रूप में हमेशा याद रहेंगे।

    अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here