हमसे जुड़े

Follow us

11.8 C
Chandigarh
Friday, February 6, 2026
More
    Home राज्य हरियाणा भारत मे चिंतन...

    भारत मे चिंतनशील शिक्षक तैयार करने की कवायद शुरू

    TNPSC Exam News
    TNPSC Exam 2025: सख्त नियमों के बीच टीएनपीएससी की परीक्षा में शामिल हुए अभ्यर्थी

    इसी सत्र से शुरू होंगे वर्षीय इंटीग्रेटेड टीचर्स एजुकेशन प्रोग्राम

    • नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के माध्यम से होंगे दाखिले
    • गुजवि सहित देश में 64 शिक्षण संस्थान चयनित

    हिसार (सच कहूँ/संदीप सिंहमार)। Hisar News: शिक्षा के क्षेत्र में दुनियाभर में विश्व गुरु कहलाने वाले भारत देश में एक बार फिर चिंतनशील शिक्षक बनाने की कवायद शुरू कर दी गई है। इसके लिए देश भर में गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय हिसार सहित 64 शिक्षण संस्थानों को चयनित किया गया है। ऐसे शिक्षण संस्थानों में 4 वर्षीय इंटीग्रेटेड टीचर्स एजुकेशन प्रोग्राम चलाए जाएंगे। इस प्रोग्राम में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों को नेशनल टेस्टिंग एजेंसी की वेबसाइट पर जाकर आवेदन करना होगा, जिसकी अंतिम तिथि 30 अप्रैल निर्धारित की गई है। पर दाखिलों लेकर पहला शेड्यूल नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा 13 में को घोषित किया जाएगा। Hisar News

    ज्ञान, कौशल और दृष्टिकोण से लैस | Hisar News

    इंटीग्रेटेड टीचर्स एजुकेशन प्रोग्राम एक अनूठी पहल है, जिसका उद्देश्य शिक्षक शिक्षा में सिद्धांत और व्यवहार के बीच अंतर को पाटना है। यह कार्यक्रम इच्छुक शिक्षकों को शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए आवश्यक ज्ञान, कौशल और दृष्टिकोण से लैस करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। आईटीईपी एक व्यापक कार्यक्रम है जो वास्तविक दुनिया की शैक्षिक गतिविधियों में व्यावहारिक अनुभवों के साथ सैद्धांतिक शिक्षा को जोड़ता है। यह आम तौर पर चार साल का एकीकृत कार्यक्रम है,जिसमें सामान्य शिक्षा पाठ्यक्रम, विषय-विशिष्ट सामग्री और शैक्षणिक प्रशिक्षण का मिश्रण शामिल है।

    शैक्षिक चुनौतियों का सामना कर सकेंगे शिक्षक

    इस प्रोग्राम के तहत विद्यार्थियों को शिक्षण और सीखने के सिद्धांतों में एक मजबूत आधार प्रदान करना है। इसमें बाल मनोविज्ञान, शैक्षिक दर्शन, पाठ्यक्रम विकास और प्रभावी शिक्षण रणनीतियों की समझ शामिल है। सैद्धांतिक अवधारणाओं को व्यावहारिक अनुभवों के साथ एकीकृत करके, छात्र आधुनिक शिक्षा की चुनौतियों का सामना करने के लिए बेहतर ढंग से तैयार होते हैं। उनके प्रशिक्षण के आरंभ में ही वास्तविक कक्षा स्थितियों से अवगत कराया जाता है, जिससे उन्हें अपने ज्ञान को व्यावहारिक सेटिंग में लागू करने की अनुमति मिलती है। यह अनुभवात्मक शिक्षण दृष्टिकोण छात्रों को पाठ योजना, कक्षा प्रबंधन और मूल्यांकन तकनीकों जैसे आवश्यक शिक्षण कौशल विकसित करने में मदद करता है। Hisar News

    12वीं पास विद्यार्थी ले सकते हैं दाखिला

    इंटीग्रेटेड टीचर्स एजुकेशन प्रोग्राम नई शिक्षा नीति-2020 के तहत शुरू किया गया है। इस प्रोग्राम के तहत 12वीं कक्षा उत्तीर्ण करने वाले विद्यार्थी सीधे इंटीग्रेटेड प्रोग्राम में दाखिला ले सकते हैं। यानी अब उन्हें पहले स्नातक करने की जरूरत नहीं है। अब सीधे ही इस कार्यक्रम में दाखिला लेकर स्नातक व प्रोफेशनल डिग्री दोनों एक साथ हो कर सकते हैं। फिलहाल यह प्रोग्राम बीएससी बीएड व बीए बीएड के लिए शुरू किया गया है।

    इस पायलेट प्रोजेक्ट के लिए गुजवि तैयार-प्रो.नरसी राम | Hisar News

    गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने बताया कि ये कोर्स रोजगारपरक हैं। भविष्य में शिक्षकों की भर्ती इन कोर्सों की योग्यता के आधार पर होगी। विश्वविद्यालय ने इन कोर्सों के लिए पूरी तैयारी कर ली है। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय के शिक्षा विभाग के तहत ये कोर्सिज संचालित किए जाएंगे। शिक्षा मंत्रालय के एक पायलेट प्रोजेक्ट के तहत कौशलयुक्त शिक्षक तैयार करने के लिए ये कोर्स शुरू किए गए हैं। इन्हीं व्यवस्थाओं के चलते इस विश्वविद्यालय को इन कोर्सों के लिए चुना गया है।

    यह भी पढ़ें:– फिरोजाबाद की सीट पर फिर से कमल खिलना चाहिए- योगी आदित्यनाथ

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here