पूर्वी लद्दाख में चीनी सैनिकों की बढ़ती तैनाती चिंता की बात: सेना प्रमुख

0
140
Army Chief

लद्दाख (एजेंसी)। भारत-चीन के बीच लंबे समय से चला आ रहा गतिरोध जल्द ही सुलझ सकता है। सेना प्रमुख मनोज मुकुंद नरवणे ने उम्मीद जताई है कि इस महीने दोनों देश किसी समाधान पर निकल सकते हैं। लेह में शनिवार को एक कार्यक्रम से इतर सेना प्रमुख ने कहा कि पिछले छह महीने से हालात काफी सामान्य हैं। हम अक्टूबर के दूसरे हफ्ते में दोनों देश के बीच 13वें दौर की बातचीत की उम्मीद कर रहे हैं। इस बैठक में गतिरोध खत्म करने को लेकर बात होगी। नरवणे ने कहा कि सभी विवादित मुद्दों को एक-एक करके सुलझा लिया जाएगा। लेह में दुनिया का सबसे बड़ा हाथ से बना खादी का तिरंगा लहराया गया है। इसी कार्यक्रम में हिस्सा लेने के बाद सेना प्रमुख ने कहा, ‘मेरा हमेशा से मानना है कि गतिरोध को आपसी बातचीत से सुलझाया जा सकता है। मुझे उम्मीद है कि हम जल्द ही परिणाम हासिल कर लेंगे।

क्या है मामला

पीएलए और भारतीय सेना दोनों एलएसी पर तैनात हैं। जून 2021 में सैन्य अभ्यास के लिए पूर्वी लद्दाख में लाए गए पीएलए सैनिक गश्ती करते हैं और अपने-अपने ठिकानों पर वापस चले जाते हैं। भारतीय सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे ने पूर्वी लद्दाख में सर्दियों की शुरूआत से पहले सैनिकों की तैनाती की समीक्षा की है। राष्ट्रीय सुरक्षा योजनाकारों ने नई दिल्ली से केंद्रीय सेना कमान को मजबूत किया है।

 

अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।