Param Pita Shah Satnam Ji: सरदार हरबंस सिंह जी (पूजनीय परम पिता शाह सतनाम सिंह जी महाराज का पहला नाम) से घर-बार तुड़वाकर और सारा सामान साध-संगत में बंटवा देने के कुछ ही दिनों बाद पूजनीय बेपरवाह साईं शाह मस्ताना जी महाराज ने डेरा सच्चा सौदा, सरसा (हरि.) के पंडाल में तीन मंजिला एक अत्यंत सुंदर गोल तेरावास तैयार करवाया। इस तेरावास के निर्माण में आप जी द्वारा लाया गया सारा सामान, जैसे ईंटें, गार्डर आदि का ही उपयोग किया गया। MSG Maha Rahmokaram Month
पूजनीय बेपरवाह जी ने विशेष संदेश भेजकर पंजाब, राजस्थान, दिल्ली और हरियाणा से साध-संगत को 28 फरवरी 1960 के दिन डेरा सच्चा सौदा, सरसा बुला लिया। इसके बाद उसी दिन पूजनीय बेपरवाह जी के हुक्मानुसार आप जी को सिर से पांव तक सौ-सौ रुपये के नोटों के हार पहनाए गए। एक अत्यंत सुंदर बिना छत वाली जीप मंगवाई गई, जो चारों ओर से खूब सजाई गई थी।
”सतनाम सिंह जी बहुत ही बहादुर हैं। इन्होंने इस मस्ताना गरीब के हुक्म को माना है”
उस गाड़ी के अंदर एक सजी हुई आकर्षक कुर्सी पर आप जी को बिठाकर पूजनीय बेपरवाह साईं शाह मस्ताना जी महाराज ने साध-संगत के मुखातिब होकर फरमाया, ”सतनाम सिंह जी बहुत ही बहादुर हैं। इन्होंने इस मस्ताना गरीब के हुक्म को माना है और बहुत बड़ी कुर्बानी दी है, इनकी जितनी प्रशंसा की जाए, उतनी कम है। आज से हमने इनको अपना वारिस, कुल मालिक बना दिया है। सारे शहर की हर गली व मोहल्ले में शोभा यात्रा निकालनी है, ताकि शहर के बच्चे-बच्चे को पता चल जाए कि सतनाम सिंह जी ने गरीब मस्ताने के लिए इतनी जबरदस्त कुर्बानी दी है और इनको सच्चे सौदे का वारिस बना दिया गया है।”
पूजनीय बेपरवाह जी ने डेरे में आई हुई समस्त साध-संगत को शोभा यात्रा के साथ जाने की आज्ञा देते हुए वचन फरमाया, ”भाई, इस यात्रा में ‘धन-धन सतगुरु तेरा ही आसरा’ का नारा जोर-शोर से लगाते हुए यह भी बताना है कि आज से साईं सावन शाह जी के हुक्म से सरदार सतनाम सिंह जी श्री जलालआणा साहिब वालों को डेरा सच्चा सौदा का गद्दीनशीन बना दिया गया है।” जारी… MSG Maha Rahmokaram Month















