छात्राओं की हर कलाकृति ने दिया ऐसा संदेश, जो दिल को छू गया

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Shah Satnam Ji Girls School Sachkahoon

शाह सतनाम जी गर्ल्स स्कूल में आर्ट एंड क्राफ्ट प्रदर्शनी का आयोजन

  • थर्माकॉल शीट पर बना लाल किला, ताजमहल, इंडिया गेट रहा आकर्षण का केन्द्र

सच कहूँ/सुनील वर्मा सरसा। छात्राओं में पढ़ाई के साथ-साथ कला के प्रति रूचि पैदा करने और उनके कौशल को बढ़ाने के लिए शाह सतनाम जी गर्ल्स स्कूल में एक मनमोहक आर्ट एंड क्राफ्ट प्रदर्शनी आयोजित की गई। जिसकी विशेषता यह है कि प्रदर्शनी में लगाई विभिन्न कलाकृतियां छात्राओं ने आर्ट अध्यापिकाओं की मद्द से खुद तैयार की है। बीते दिवस विद्यालय में हुई पीटीएम (पैरेंट टीचर मीटिंग) के दौरान आर्ट एंड क्राफ्ट प्रदर्शनी को स्कूली छात्राओं और उनके अभिभावकों को देखने के लिए खोल दिया गया है। प्रदर्शनी में छात्राओं द्वारा दिखाई गई रचनात्मकता और कल्पनशीलता को देखकर हर कोई दंग है और प्रदर्शनी सभी के आकर्षण का केन्द्र बनी हुई है। साथ ही प्रदर्शनी में लगाई गई कलाकृतियां सभी के लिए सेल्फी पाइंट भी बनी हुई है। विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉ. शीला पूनियां इन्सां, सीजेएम अनुराधा ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर छात्राओं के प्रयासों की सराहना की। वहीं उन्होंने प्रदर्शनी बनाने में छात्राओं का सहयोग करने वाली आर्ट अध्यापिका रीता सबरवाल व आरती की भी प्रशंसा की।

Shah Satnam Ji Girls School Sachkahoon

कहीं दिखी विमेन पावर, तो कहीं दिखी देश की संस्कृति

प्रदर्शनी में दालों के प्रयोग से एक सुन्दर महिला की आकृति तैयार की है। जिससे यह संदेश दिया है कि दाल सिर्फ खाने के ही काम नहीं आती, बल्कि इससे सुन्दर पेंटिग भी बनाई जा सकती है। वूमेन पावर का संदेश देने के लिए भी एक आकृति तैयार की गई है। एक अन्य आकृति में यह दिखाया गया है कि लड़की के जीवन में उसके माता-पिता का क्या रोल होता है। शुद्ध हवा हमें कैसे मिल सकती है, इस पर भी प्रदर्शनी में एक कलाकृति तैयार की गई है। एक कलाकृति मोबाइल के आगोश में छात्र का संदेश दे रही है कि पंछी आजाद घूम रहा है और छात्र मोबाइल में कैद हो गया है। प्रदर्शनी में पीपल के पत्तों व सूत की रस्सी से गणेश की मूर्ति भी तैयार की गई है। वहीं कलर फूल पत्थरों से देश का नक्शा तैयार किया गया।

अनुपयोगी वस्तुओं का किया गया प्रयोग

प्रदर्शनी में तैयार की गई कलाकृतियों में ज्यादातर अनुपयोगी वस्तुओं का प्रयोग किया है। कोई कलाकृति दाल से निर्मित है तो कोई घर में टूटी हुई चूड़ियों से, तो कोई फाल पेपर से व पीओपी का भी इस्तेमाल कर बनाई गई है। इसके अलावा आर्ट गैलरी में नजर आने वाले पेड़ पुराने अखबारों व फूल पत्तियों, बुकरम से बनाई गई है। इसके अलावा इंडिया गेट सहित अन्य ऐतिहासिक स्थलों के प्रति रुचि पैदा करने के लिए थमार्कोल से बड़े बड़े सुंदर ढंग से नकाशी करके लाल किला, ताजमहल, इंडिया गेट आदि की कलाकृतियां बनाई गई हैं। जो कला का सर्वोत्तम नमूना है।

छात्राओं की प्रतिभा को अभिभावकों ने सराहा

प्रदर्शनी का अवलोकन करने पहुंचे अभिभावक गुरनाम सिंह, रमनदीप कौर, सरोज रानी, मनप्रीत कौर सहित अन्य ने कहा कि छात्राओं ने प्रदर्शनी में अपनी अद्भुत प्रतिभा दिखाई है। जिसका हम बखान नहीं कर सकते। वहीं कुछ अभिभावकों ने इस प्रदर्शनी को दुनियां की सबसे सुंदर आर्ट गैलरी बताया।

‘‘विद्यालय में छात्राओं को पढ़ाई के साथ-साथ उनकी कला को निखारने के लिए अनेक कार्य किए जा रहे है। उन्हीं कार्यों में से एक है आर्ट एंड क्राफ्ट प्रदर्शनी। ताकि छात्राओं को हस्तकला व शिल्पकला में भी निपुर्ण बनाया जा सकें। इस प्रदर्शनी को महज 25 दिनों में नौवीं से बारहवीं कक्षा की छात्राओं ने आर्ट टीचरों की मदद से तैयार किया है।

डॉ. शीला पूनियां इन्सां, प्रधानाचार्या।

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