फड़ हटाने पहुंची टीम को झेलना पड़ा टकराव
सरसा। शहर के मुख्य बाजार में अतिक्रमण हटाने को लेकर नगर परिषद और फड़ संचालकों के बीच खींचतान तेज हो गई है। खासकर नगर परिषद कार्यालय को जाने वाली मुख्य सड़क पर वर्षों से जमे फड़वालों को हटाना टीम के लिए चुनौती बनता जा रहा है। सोमवार को एक बार फिर अतिक्रमण हटाओ टीम मौके पर पहुंची, लेकिन विरोध के चलते कार्रवाई सीमित रह गई और फड़ संचालकों को दो दिन का और समय दे दिया गया। Sirsa News
जानकारी के अनुसार बाजार में सड़क के ऊपर तीन से चार फीट तक फड़ लगाकर कब्जा किया गया है। नगर परिषद की टीम अन्य बाजारों और मुख्य मार्गों पर अभियान चला रही है, लेकिन यहां लगातार विरोध का सामना करना पड़ रहा है। लोगों द्वारा यह भी सवाल उठाए जा रहे हैं कि शहर की कई गलियां अभी भी अतिक्रमण से अटी पड़ी हैं, उन पर कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही। Sirsa News
दो दिन का अल्टीमेटम, नहीं हटाए तो होगी सख्त कार्रवाई
दोपहर करीब डेढ़ बजे तहबाजारी टीम जब अपने कार्यालय से सटी सड़क पर पहुंची तो व्यापारियों ने सामान हटाने से साफ इनकार कर दिया। उनका कहना था कि वे वर्षों से यहां काम कर रहे हैं और हटाकर कहां जाएं। कुछ व्यापारियों ने राजनीतिक हस्तक्षेप का भी हवाला दिया। हालांकि टीम की अगुवाई कर रहे एसआई रवि शर्मा और क्षितिज कुमार ने स्पष्ट कहा कि उन्हें किसी अधिकारी का फोन नहीं आया है और सड़क से अतिक्रमण हर हाल में हटाया जाएगा। टीम ने दो टूक कहा कि सरकारी जमीन पर कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि फड़ संचालकों ने दो दिन में स्वयं अतिक्रमण नहीं हटाया तो नगर परिषद की टीम कार्रवाई करेगी।
दोनों ओर से सड़क घिरी | Sirsa News
मौके पर देखा गया कि दुकानदारों ने भी अपनी दुकानों के आगे तीन से चार फीट तक फड़ लगा रखे थे। कुछ दुकानदारों ने अन्य कारोबारियों को राजनीतिक संपर्कों का जिक्र करते हुए शांत रहने की नसीहत दी। व्यापारियों का कहना है कि यदि एक तरफ से फड़ हट जाएं तो यातायात में राहत मिल सकती है।
यह है मुख्य समस्या
कई फड़ संचालक करीब 20 वर्षों से यहां व्यापार कर रहे हैं और उनके लिए वैकल्पिक स्थान तय नहीं है। स्ट्रीट वेंडिंग जोन का प्रोजेक्ट अब तक अधर में है। बाजारों के आसपास छोटी मार्केट विकसित करने पर प्रशासन को ठोस निर्णय लेना होगा। Sirsa News
तहबाजारी टीम के इंचार्ज रवि शर्मा ने कहा अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। फड़ संचालकों को दो दिन का समय दिया गया है। तय समय में अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो टीम स्वयं कार्रवाई कर सड़क खाली करवाएगी।















