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Wednesday, March 11, 2026
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    Side Effects of Hot Tea: यदि आप भी पीते हैं बहुत गर्म चाय तो आने वाले इस खतरे को जान लें!

    Side Effects of Hot Tea
    Side Effects of Hot Tea: यदि आप भी पीते हैं बहुत गर्म चाय तो आने वाले इस खतरे को जान लें!

    The harms of hot tea: नई दिल्ली। भारत में चाय केवल एक पेय नहीं, बल्कि भावनाओं का प्रतीक मानी जाती है। चाहे सुबह की शुरुआत करनी हो या दिनभर की थकान मिटानी हो, एक प्याली चाय सब कुछ आसान बना देती है। देश के अधिकांश घरों में दिन की पहली आवाज़ अक्सर चाय की केतली की सीटी से ही आती है। परंतु, यदि यही चाय अत्यधिक गरम अवस्था में पी जाए, तो यह शरीर के लिए हानिकारक साबित हो सकती है। Side Effects of Hot Tea

    ज़्यादा गर्म चाय पीने से हो सकता है कैंसर, वैज्ञानिकों ने किया खुलासा

    विभिन्न वैज्ञानिक अनुसंधानों में यह स्पष्ट किया गया है कि जरूरत से अधिक गर्म चाय का सेवन खाने की नली (एसोफैगस) को नुकसान पहुंचा सकता है और इससे कैंसर का खतरा भी बढ़ सकता है। जब कोई व्यक्ति बार-बार बहुत गर्म पेय — जैसे 65 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक तापमान वाली चाय — पीता है, तो यह नली की कोमल परत को झुलसा देती है। बार-बार ऐसा होने पर वहां सूजन (इंफ्लेमेशन) और कोशिकाओं में परिवर्तन (सेल म्यूटेशन) होने लगता है, जो आगे चलकर कैंसर में परिवर्तित हो सकता है। Side Effects of Hot Tea

    विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, 65 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक तापमान वाले पेयों का नियमित सेवन एसोफैजियल कैंसर के खतरे को बढ़ा देता है। यह कैंसर मुख्यतः दो प्रकार का होता है —

    एसोफेजियल स्क्वैमस सेल कार्सिनोमा:

    यह नली के ऊपरी भाग में विकसित होता है और अधिकतर तंबाकू या अत्यधिक गर्म पेय पदार्थों के सेवन से जुड़ा होता है।

    एसोफेजियल एडेनोकार्सिनोमा: यह नली के निचले हिस्से में पाया जाता है, जिसका कारण प्रायः मोटापा या लंबे समय से बनी हुई एसिडिटी होती है।

    दरअसल, चाय स्वयं हानिकारक नहीं होती, बल्कि उसका अत्यधिक तापमान शरीर के लिए नुकसानदेह होता है। चाहे वह चाय हो, कॉफी हो या सूप – बहुत गरम पेय सीधे पीने से गले और नली को क्षति पहुंचती है।

    आयुर्वेद में भी यह स्पष्ट रूप से कहा गया है कि न तो बहुत गरम और न ही बहुत ठंडा भोजन-पेय स्वास्थ्य के लिए उचित है। आयुर्वेदिक दृष्टि से हल्का गरम पेय पाचन में सहायक होता है, परंतु अत्यधिक गरम द्रव पित्त दोष को बढ़ाता है, जिससे शरीर में सूजन और रोग उत्पन्न हो सकते हैं।

    यदि किसी व्यक्ति को भोजन निगलने में कठिनाई हो, गले में जलन या खराश बनी रहे, लगातार खांसी आए या वजन बिना कारण घटने लगे, तो ये लक्षण गंभीर बीमारी के संकेत हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में लापरवाही न बरतते हुए तुरंत चिकित्सक से सलाह लेना आवश्यक है। Side Effects of Hot Tea