विदेशों में रहते डेरा श्रद्धालुओं ने देश की खुशहाली व शांति के लिए रखा व्रत, बांटा राशन
अजीतवाल(सच कहूँ/किरण रत्त...
सेवा-सुमिरन करते हुए सबका भला मांगो: पूज्य गुरु जी
इन्सान जितनी मर्जी इच्छाएं रख सकता है, लेकिन जब इच्छाएं बढ़ती जाती हैं तो उनका मक्कड़ जाल इन्सान को घेर लेता है, इन्सान को बर्बाद करने लगता है। इस लिए सुमिरन करो, सेवा करो, दीन, दुखियों की मदद करो, सबका भला मांगों व भला करो।


























