Haryana Electricity Bill: बिजली बिलों में बढ़ोतरी पर अनिल विज का आया बड़ा बयान, बिजली उपभोक्ताओं को राहत!

Published On

Haryana Electricity Bill: चंडीगढ़ (सच कहूँ न्यूज)। हरियाणा में बिजली की दरों में बढ़ोतरी पर विपक्ष द्वारा किए जा रहे हंगामे के बीच उर्जा मंत्री अनिल विज ने मोर्चा संभाला। उन्होंने कहा कि विपक्ष लोगों का गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। पिछले 10 वर्षों में भाजपा सरकार ने कभी भी बिजली दरों में इजाफा नहीं किया। इस अवधि में बिजली उत्पादन की लागत लगातार बढ़ी है। ऐसे में हरियाणा राज्य बिजली विनियामक आयोग ने दरों में मामूली इजाफा किया है। सोमवार को चंडीगढ़ में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में विज ने कहा कि भाजपा ने कभी भी मुफ्त बिजली देने का वादा नहीं किया। विपक्ष इस मामले में लोगों को भ्रमित कर रहा है। विपक्ष द्वारा किए जा रहे आंदोलन व प्रदर्शनों पर कटाक्ष करते हुए विज ने कहा- विपक्ष भाड़े के लोगों को लेकर प्रदर्शन करे, इससे हमें कोई आपत्ति नहीं है।

इस प्रकार बढ़े हैं रेट | Haryana Electricity Bill

इसी तरह से कैटेगरी-।। के उपभोक्ताओं के बिलों में भी कमी दर्ज की है। विज ने साफतौर पर कहा कि प्रदेश में 94 लाभ उपभोक्ता कैटेगरी-। और कैटेगरी-।। में आते हैं। हरियाणा में घरेलू श्रेणी के लिए निश्चित शुल्क (फिक्स्ड चार्जेस) 0 रुपये से 75 रुपये प्रति किलोवाट तक और उच्चतम ऊर्जा स्लैब 7 रुपये 50 पैसे प्रति यूनिट पर बनाए रखा है। पड़ोसी राज्यों में निश्चित शुल्क 110 रुपये प्रति किलोवाट तक और ऊर्जा शुल्क 8 रुपये प्रति यूनिट तक है। विज ने कहा कि संशोधित बिजली टैरिफ में सभी श्रेणियों के घरेलू उपभोक्ताओं के लिए न्यूनतम मासिक शुल्क (एमएमसी) को समाप्त किया है।

किसानों को 10 पैसे प्रति यूनिट | Haryana Electricity Bill

विज ने कहा कि कृषि उपभोक्ताओं को पहले की तरह केवल 10 पैसे प्रति यूनिट के हिसाब से बिजली आपूर्ति हो रही है। यह टैरिफ मीटर्ड वाले उपभोक्ताओं के लिए है और 15 रुपये प्रति हॉर्स पावर के हिसाब से मासिक फ्लेट रेट तय किया हुआ है। किसानों को दी जा रही सस्ती बिजली की एवज में सरकार की ओर से बिजली कंपनियों को सब्सिडी (अनुदान) दिया जाता है। मीटर वाले कनेक्शन के लिए एमएमसी को घटाकर 180 रुपये (15 बीएचपी तक) और 144 रुपये (15 बीएचपी से ऊपर) कर दिया है।

पूर्व मंत्री ने दायर की याचिका

हरियाणा में बिजली की दरों में बढ़ोतरी को पूर्व वित्त मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रो. संपत सिंह ने चुनौती दी है। प्रो. सिंह ने बिजली के टैरिफ को चुनौती देते हुए हरियाणा राज्य बिजली विनियामक आयोग (एचईआरसी) में रिव्यू (समीक्षा) याचिका दाखिल की है। उनका कहना है कि आयोग कानून के तहत याचिका को एडमिट करके इस पर सुनवाई भी कर सकता है। आयोग चाहे तो बढ़ी हुई दरों पर स्वत़ संज्ञान लेकर भी सुनवाई शुरू कर सकता है। उनका कहना है कि अगर आयोग ने इस मामले में सुनवाई नहीं की तो वे ट्रिब्यूनल में जाएंगे। सोमवार को आयोग में याचिका दाखिल करने के बाद चंडीगढ़ स्थित प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में मीडिया से रूबरू हुए प्रो. संपत सिंह ने कहा कि 28 मार्च, 2025 को आयोग द्वारा जारी किए गए टैरिफ को लेकर उन्होंने यह याचिका दाखिल की है।

About The Author

Related Posts