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    Vitamin D For Winters: सर्दियों में कैसे करें विटामिन डी की कमी पूरी? जानें तरीके

    Vitamin D For Winters
    Vitamin D For Winters: सर्दियों में कैसे करें विटामिन डी की कमी पूरी? जानें तरीके

    Vitamin D For Winters:  अनु सैनी। भारत जैसे देश में, जहाँ साल के अधिकांश दिन धूप रहती है, इसके बावजूद बड़ी आबादी विटामिन डी की कमी से जूझ रही है। विशेषज्ञों के अनुसार हर चौथा भारतीय इस समस्या से प्रभावित है। आधुनिक जीवनशैली, घर के अंदर रहना, सनस्क्रीन का अधिक उपयोग और अनियमित खानपान इसके प्रमुख कारण हैं। सर्दियों में यह समस्या और भी गंभीर हो जाती है।

    सर्दियों और माघ महीने में क्यों बढ़ जाती है परेशानी? Vitamin D For Winters

    सर्दियों के मौसम में, खासकर माघ महीने के दौरान सूर्य की किरणें कमजोर हो जाती हैं। कई दिनों तक घना कोहरा और बादल छाए रहते हैं, जिससे शरीर को पर्याप्त धूप नहीं मिल पाती। धूप की कमी के कारण त्वचा में विटामिन डी का निर्माण प्रभावित होता है, जिससे शरीर में इसकी मात्रा घटने लगती है।

    विटामिन डी क्यों है शरीर के लिए जरूरी?

    विटामिन डी शरीर के लिए अत्यंत आवश्यक पोषक तत्व है। यह हड्डियों और दांतों को मजबूत बनाता है, मांसपेशियों की कार्यक्षमता बढ़ाता है और इम्यून सिस्टम को मजबूत करता है। इसकी कमी से थकान, कमजोरी, मांसपेशियों में दर्द, हड्डियों का कमजोर होना और बार-बार संक्रमण होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

    वात दोष और जोड़ों के दर्द से संबंध

    आयुर्वेद के अनुसार सर्दियों में वात दोष बढ़ जाता है, जिससे जोड़ों में दर्द, अकड़न और सूजन की समस्या बढ़ जाती है। यदि इस दौरान शरीर में विटामिन डी की कमी हो, तो यह समस्या और गंभीर हो सकती है। इसलिए सर्दियों में विटामिन डी का विशेष ध्यान रखना आवश्यक माना जाता है।

    विटामिन डी के दो प्रमुख रूप

    शरीर में विटामिन डी दो रूपों में पाया जाता है। विटामिन डी-3 सूर्य की रोशनी के संपर्क में आने से त्वचा में बनता है, जबकि विटामिन डी-2 भोजन और सप्लीमेंट के माध्यम से प्राप्त होता है। धूप न मिलने की स्थिति में शरीर को भोजन और सप्लीमेंट पर निर्भर रहना पड़ता है।

    कितनी मात्रा है जरूरी और सामान्य स्तर क्या?

    स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार वयस्कों को प्रतिदिन 600–800 IU, बच्चों को 400 IU और 60 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों व गर्भवती महिलाओं को 800–1000 IU विटामिन डी की आवश्यकता होती है। रक्त में 30–50 ng/ml विटामिन डी का स्तर सामान्य माना जाता है।

    धूप न हो तो किन तरीकों से पूरी करें कमी?

    धूप की अनुपस्थिति में भी विटामिन डी की कमी को पूरा किया जा सकता है। इसके लिए फोर्टिफाइड दूध, अनाज, सोया उत्पाद और बादाम का सेवन लाभकारी माना जाता है। मशरूम विटामिन डी-2 का अच्छा स्रोत है, जिसे सलाद में या हल्के घी के साथ पकाकर खाया जा सकता है।

    सप्लीमेंट और कैल्शियम का महत्व

    यदि शरीर में विटामिन डी की अधिक कमी हो, तो डॉक्टर की सलाह से सप्लीमेंट लेना प्रभावी उपाय हो सकता है। दूध और दही में विटामिन डी कम मात्रा में होता है, लेकिन इन्हें कैल्शियम के साथ लेने से हड्डियों और जोड़ों की मजबूती बढ़ती है।

    जागरूकता से मिलेगी सेहत

    सर्दियों में धूप कम जरूर होती है, लेकिन सही खान-पान, फोर्टिफाइड फूड और चिकित्सकीय सलाह से विटामिन डी की कमी को दूर किया जा सकता है। थोड़ी-सी सावधानी और नियमित देखभाल से बिना धूप के भी शरीर को स्वस्थ रखा जा सकता है।