चंडीगढ़: रक्तदान के महायज्ञ में आहुति डालने वाली चंडीगढ़ की साध-संगत का धन्यवाद
इस पुनित कार्य में डेरा बस्सी ब्लॉक की साध-संगत ने भी रक्तदान करके अहम योगदान दिया। साध-संगत के भारी उत्साह को देखकर ब्लड बैंकों के पदाधिकारी जहां बेहद प्रसन्न थे। वहीं उन्होंने साध-संगत की भावना को देखकर इन्हें इस मुश्किल वक्त के ‘सच्चे योद्धा’ कहा।
विश्व थैलेसीमिया दिवस : डेरा सच्चा सौदा के ‘ट्रयू ब्लड पंपों’ ने भरे अस्पतालों के ‘ब्लड बैंक’
आज डेरा श्रद्धालुओं की ओर से डीएमसी अस्पताल, गुरू नानक अस्पताल और चंडीगढ रोड पर स्थित अकाई अस्पताल को 241 यूनिट रक्तदान किया गया। ‘ट्रयू ब्लड पंप’ के नाम से जाने जाते डेरा श्रद्धालु आज सभी जिले के ब्लॉकों से सुबह 9 बजे से ही उक्त तीनों अस्पतालों में पहुंचने शुरू हो गए। रक्तदान करने आए इन डेरा श्रद्धालुओं में बहनें भी बड़ी संख्या में शामिल हुई।
विश्व थैलेसीमिया दिवस : 58 डेरा श्रद्धालुओं ने किया रक्तदान
मानवता भलाई के कार्य: कोविड -19 के कारण ब्लड की कमी हो रही है और थैलेसीमिया, कैंसर, डाईलासिस और मेजर अनीमियां के मरीजों को ब्लड देने के लिए ब्लड की जरूरत है
डेरा अनुयायियों ने थेलेसीमिया और कैंसर पीड़ितों के लिए किया रक्तदान
डेरा सच्चा सौदा: वहीं रेड क्रॉस सोसाइटी के सचिव विकास कुमार ने बताया कि थैलेसीमिया पीड़ित और कैंसर पीड़ितों के लिए पूरे जिले सहित प्रदेश में भी खून की कमी है, जिसके चलते आज डेरा सच्चा सौदा के लोगों ने उनके आग्रह पर यह रक्तदान शिविर लगाया है
आज देश-विदेश में रक्तदान करेंगे डेरा सच्चा सौदा के श्रद्धालु
कोरोना महामारी में सुरक्षा मानकों का भी पूर्ण रूप से ध्यान में रखा जाएगा। जिन भी राज्यों व जिलों के ब्लड बैंक में डेरा सच्चा सौदा के श्रद्धालु रक्तदान करने के लिए जाएंगे, वे मास्क पहनने के साथ-साथ सेनेटाइजन भी साथ लेकर जाएंगे और सोशल डिस्टेसिंग का पालन करते हुए रक्तदान करेंगे।
प्रभुनाम से ही बुरे विचार काबू आएंगे: पूज्य गुरु जी
अगर आप वास्तव में बहादूर हो तो बुरे विचारों से अपने आप को बचा कर देखो, अपनी आदतें बदल कर देखो। जो अपनी बुरी आदतें बदल लेते हैं वो सुरवीर, बहादूर कहलाते हैं।
Humanity: 16 डेरा श्रद्धालुओं ने किया रक्तदान
16 यूनिट रक्तदान: इस संबंधी बातचीत करते डेरा श्रद्धालु प्रदीप इन्सां 15 मैंबर बसी पठाना ने बताया कि सिविल अस्पताल फतेहगढ़ साहब में मरीजों को खून की जरूरत पड़ने पर अस्पताल के ब्लड बैंक में से डॉ. रवनीत कौर का फोन आया
जिंदगी में बुरे कर्माें से तौबा करो
अगर जहर मीठा है तो क्या इन्सान उसे खा लेगा। इसलिए भाई कहने का मतलब है कि आप कोई भी बुरा कर्म न किया करो। यह घोर कलियुग है, अगर इन्सान से कोई गलती हो भी गई है कि तो यहां आकर कोई बहाने न बनाओ।
अनमोल वचन: सेवा-परमार्थ के द्वारा मन से बचो
इन्सान को बुरा कर्म नहीं करना चाहिए। अच्छे-नेक कर्म करो, सबका भला करो, मालिक का नाम जपो, क्योंकि अगर आप मालिक की औलाद का भला करते हैं, तो मालिक आपका भला जरूर करेंगे।


















