CRPF Martyr Organ Donation: भिवानी के शहीद CRPF SI राधे श्याम जाते जाते भी दे गए दूसरों को दी नई जिंदगी
नेत्रदान और अंगदान कर निभाया मानवता का धर्म
CRPF Martyr Eye Donation: भिवानी/चरखी दादरी, (सच कहूँ न्यूज)। देश सेवा का जज्बा ऐसा कि मौत के बाद भी मानवता की सेवा का संकल्प पूरा कर गए सीआरपीएफ के शहीद सब-इंस्पेक्टर राधे श्याम। ड्यूटी पर जाते समय दिल्ली के पालम रेलवे स्टेशन पर हुए हादसे में उनकी जान चली गई। उनकी अंतिम इच्छा का सम्मान करते हुए परिवार ने उनकी आंखें और अन्य जरूरी अंग दिल्ली के दीन दयाल उपाध्याय (डीडी) अस्पताल को दान कर दिए।
सीआरपीएफ ग्रुप हेडक्वार्टर, ग्रेटर नोएडा में तैनात एसआई राधे श्याम अक्सर कहते थे कि उनके शरीर का एक-एक कतरा देश के काम आना चाहिए। परिवार ने उनके इसी संकल्प को आगे बढ़ाते हुए अंगदान का फैसला लिया। उनका यह कदम दूसरों को जीवन की नई उम्मीद देने के साथ समाज को मानवता का संदेश भी दे गया।
नन्हें नाती ने नम आंखों से दी श्रद्धांजलि
शहीद को अंतिम विदाई के दौरान सबसे भावुक पल तब आया, जब उनके तीन वर्षीय नाती दिव्यांश ने अपने नाना को श्रद्धांजलि दी। इस दृश्य ने वहां मौजूद लोगों की आंखें नम कर दीं। शहीद अपने पीछे बेटा आकाश और बेटी रिन को छोड़ गए हैं।
चार पीढ़ियों से देश सेवा की परंपरा
गांव मिसरी निवासी पूर्व सैनिक रमेश कुमार ने गर्व से बताया कि उनके परिवार की चार पीढ़ियां भारतीय सेना में रहकर देश की सेवा करती आई हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्र सेवा उनके परिवार के संस्कारों में शामिल है और वह अपने तीन वर्षीय पोते दिव्यांश को भी बचपन से देश सेवा की सीख दे रहे हैं। पूर्व सैनिक रमेश कुमार ने लोगों से रक्तदान, नेत्रदान और अंगदान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि अंगदान किसी जरूरतमंद को नया जीवन देने का माध्यम बन सकता है।
