15 Killed Gwalior Accident: ग्वालियर में श्रद्धालुओं की भीड़ में घुसा बेकाबू ट्रक, 15 की मौत

शीतला माता मंदिर के पास हुआ हादसा, हादसे को लेकर 3 थाना प्रभारियों सहित 8 पुलिसकर्मी सस्पेंड

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Gwalior Truck Accident: ग्वालियर, (सच कहूँ/एजेंसी)। मध्यप्रदेश के ग्वालियर जिले में सातउं गांव स्थित प्राचीन शीतला माता मंदिर के पास शनिवार देर रात तेज रफ्तार ट्रक की चपेट में आने से 15 श्रद्धालुओं की मौत हो गई, जबकि 32 लोग घायल हो गए। मृतकों में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं। घायलों में दो पुलिसकर्मी भी हैं। सात घायलों की हालत गंभीर बताई गई है। इस मामले में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सीएसपी रवि भदौरिया को हटाने का निर्देश दिया। इसके साथ ही तीन थाना प्रभारी समेत 8 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। मामले में कुल 9 पुलिस अधिकारियों-कर्मचारियों पर कार्रवाई की गई।

यह दुर्घटना शनिवार और रविवार की दरमियानी रात करीब 1:30 बजे हुई। उस समय नवरात्र की सप्तमी के अवसर पर शीतला माता मंदिर में दर्शन के लिए श्रद्धालु पहुंच रहे थे। मंदिर के आसपास बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे और सड़क किनारे प्रसाद की दुकानें भी लगी हुई थीं। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, धान से लदा एक ट्रक चीनौर रोड की तरफ से आ रहा था। ढलान वाले रास्ते पर चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख पाया। ट्रक श्रद्धालुओं और सड़क किनारे मौजूद दुकानों से टकराता हुआ मंदिर के प्रवेश द्वार तक पहुंच गया। टक्कर से मंदिर के प्रवेश द्वार की दीवार का हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे बचाव कार्य में परेशानी आई।

राहत और बचाव कार्य के लिए पहुंचीं टीमें

हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायलों को बाहर निकाला गया और अस्पताल पहुंचाया गया। घायलों में कुछ की हालत गंभीर बताई गई है। मृतकों और घायलों की संख्या को लेकर अलग-अलग मीडिया रिपोर्टों में अंतर है। कुछ रिपोर्टों में 15 मौतों के साथ 26 से 29 घायलों का उल्लेख है, जबकि अन्य रिपोर्टों में घायलों की संख्या इससे अधिक बताई गई है। इसलिए 32 घायलों के आंकड़े को प्रकाशित करने से पहले जिला प्रशासन या अस्पताल से पुष्टि करना जरूरी है।

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिए कार्रवाई के निर्देश

हादसे के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पुलिस व्यवस्था में संभावित लापरवाही को गंभीरता से लिया। उन्होंने ग्वालियर के सिटी एसपी को पद से हटाने और आठ पुलिसकर्मियों को निलंबित करने के निर्देश दिए। निलंबित किए गए पुलिसकर्मियों में तीन थाना प्रभारी, एक ट्रैफिक इंस्पेक्टर, एक हेड कांस्टेबल और तीन कांस्टेबल शामिल हैं। घटना की विस्तृत जांच के भी निर्देश दिए गए हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि प्रतिबंधित क्षेत्र में भारी वाहन कैसे पहुंचा और सुरक्षा व्यवस्था में कहां चूक हुई।

ट्रक चालक और मालिक गिरफ्तार

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, हादसे के मामले में ट्रक चालक दिलबाग सिंह और वाहन मालिक मोहित सिंह को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है। शुरुआती जांच में ढलान पर वाहन का नियंत्रण बिगड़ने और संभावित तकनीकी खराबी की बात सामने आई है। दुर्घटना के वास्तविक कारणों की पुष्टि विस्तृत जांच के बाद ही हो सकेगी।

मृतकों के परिजनों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मृतकों के परिवारों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, मृतकों के परिजनों को 4 लाख रुपये, गंभीर रूप से घायल लोगों को 2 लाख रुपये और अन्य घायलों को 50 हजार रुपये देने की घोषणा की गई। घायलों का इलाज सरकारी स्तर पर उपलब्ध कराने की भी बात कही गई। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से भी मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की गई।

सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

ग्वालियर के शीतला माता मंदिर के पास हुई इस दुर्घटना ने धार्मिक आयोजनों के दौरान यातायात नियंत्रण और भीड़ प्रबंधन की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब जांच में यह स्पष्ट करना महत्वपूर्ण होगा कि भारी वाहन प्रतिबंधित मार्ग तक कैसे पहुंचा और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे।

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