हमसे जुड़े

Follow us

28 C
Chandigarh
Sunday, March 1, 2026
More
    Home देश Haryana Elect...

    Haryana Electricity Bill: हरियाणा वालों को बिजली बिल में मिली बड़ी राहत, यहां देखें कितनी मिली छूट

    Haryana Electricity Bill
    Haryana Electricity Bill: हरियाणा वालों को बिजली बिल में मिली बड़ी राहत, यहां देखें कितनी मिली छूट

    Haryana Electricity Bill: चंडीगढ़(सच कहूँ न्यूज )। ऊर्जा मंत्री अनिल विज ने घोषणा करते हुए कहा कि सरचार्ज छूट स्कीम-2025 के अंतर्गत घरेलू (शहरी एवं ग्रामीण) एवं एपी (कृषि) उपभोक्ताओं को उनके लंबित बिलों के संबंध में विभिन्न प्रकार से छूट दी जाएगी। विज ने बताया कि यह स्कीम जारी होने से 06 महीने तक लागू रहेगी। इस संबंध में अधिक जानकारी देते हुए विज ने बताया कि इस बारे में मुख्यमंत्री ने उनके द्वारा सुझाए गए एक प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान कर दी है। लंबित बिलों का भुगतान 8 मासिक तथा 4 द्विमासिक किश्तों में अदा करने पर उपभोक्ताओं को 100 प्रतिशत सरचार्ज की छूट उन्होंने बताया कि घरेलू (शहरी एवं ग्रामीण) एवं कृषि उपभोक्ताओं को एकमुश्त भुगतान की स्थिति में मूल राशि पर 10 प्रतिशत की छूट और 100 प्रतिशत अधिभार (सरचार्ज) की छूट दी जाएगी। इस अलावा, लंबित बिलों का भुगतान 8 मासिक तथा 4 द्विमासिक किश्तों में अदा करने पर उपभोक्ताओं को 100 प्रतिशत सरचार्ज की छूट दी जाएगी।

    High Cholesterol Symptoms: भूलकर भी नजरअंदाज ना करें पैरों का ऐसा दर्द, कोलेस्ट्रॉल बढ़ने का संकेत

    6 महीने तक लागू रहेगी स्कीम | Haryana Electricity Bill

    मंत्री अनिल विज ने बताया कि राज्य मेंं यह योजना 6 महीने तक लागू रहेगी। ऊर्जा मंत्री ने बिजली बिल बकाएदारों से अपील की है कि वह अधिक से अधिक संख्या में इस योजना का लाभ उठाएं।

    एसडीओ अवनीत भारद्वाज को किया निलंबित

    ऊर्जा मंत्री अनिल विज ने दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के उपमण्डल अधिकारी (एसडीओ) अवनीत भारद्वाज को डयूटी में कोताही बरतने पर तुरंत प्रभाव से निलंबित करने के अनुशंसा की है। अवनीत भारद्वाज गुरूग्राम के फरूखनगर में तैनात है। विज ने बताया कि दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम, गुरूग्राम के अधीक्षक अभियंता, आपरेशन सर्कल-1 की रिपोर्ट के अनुसार यह पाया गया है कि शहरी श्रेणी के लिए ओके बिलिंग प्रतिशत बहुत ही निराशाजनक है। इसी प्रकार, आरएनटी मामले, एफ से ओके मामलों की पेंडेंसी तथा सब डिवीजन में अधिक बिलों के गुरुग्राम सर्कल में सबसे अधिक मामले पाए गए हैं।