घने कोहरे ने रोकी वाहनों की रफ्तार, भीषण ठंड जारी, मौसम विभाग ने दी चेतावनी

चंडीगढ़ (सच कहूँ न्यूज)। समूचे उत्तर भारत में घने कोहरे तथा भीषण ठंड ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया। घने कोहरे की वजह से दृश्यता बहुत कम होने से हवाई, रेल और सड़क आवागमन पर बुरा असर पड़ा। क्षेत्र में सुबह से घने कोहरे और बादलों के कारण दिन भी शाम जैसा रहा। इसके अलावा हाड़कंपाती सर्दी ने आम आदमी का बुरा हाल कर दिया। सभी प्राणी ठंड से बचने के लिये दुबके रहे। सर्द हवाओं के कारण दिनभर कंपकंपी छूटती रही।

यह भी पढ़ें:– तरन तारन में दो किलोग्राम से अधिक हेरोइन बरामद

कुछ इलाकों में शीतलहर जारी रहने के आसार

मौसम केन्द्र के अनुसार अगले 24 घंटों में घना कोहरा, कोल्ड डे और कुछ इलाकों में शीतलहर जारी रहने के आसार हैं। उसके बाद 12 जनवरी को बूंदाबांदी हो सकती है। जींद से मिली रिपोर्ट के अनुसार धुंध तथा कोहरे ने रविवार शाम को ही पांव पसारने शुरू कर दिए थे। देर शाम को धुंध और कोहरा और ज्यादा घना हो गया। हालात यहां तक रहे कि चालकों को अपने वाहन रोकने पड़े। सोमवार को दिन का आगाज घनी धुंध तथा कोहरे के साथ हुआ। दोपहर तक हालात ऐसे रहे कि 10 मीटर दूर का भी दिखाई नहीं दे रहा था।

वाहनों को एक-दूसरे के पीछे लाइट जला कर रेंगते देखा गया। दोपहर को धुंध तथा कोहरा छटा तो आकाश में बादलवाई दिखाई दी। बीच-बीच में सूर्य भी बादलों के बीच से झांकता रहा। ऐसे हालातों में लोगों को अलाव का सहारा लेते देखा गया। धुंध तथा कोहरे के कारण यातायात सेवाएं भी दोपहर तक प्रभावित हुई। पिछले एक सप्ताह से कड़ाके की हाड़ जमा देने वाली ठंड पड़ रही है। चार दिन तक शीत लहर ने कहर बरपाया।

ठंड से राहत नहीं

पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते शीत लहर से तो निजात मिली लेकिन ठंड से राहत नहीं मिली। आकाश में बादलवाई के चलते अधिकतम तापमान में तीन डिग्री सेल्सियस का इजाफा दर्ज किया गया, तो न्यूनतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस का इजाफा हुआ। ठंड से सब्जियों की फसलों पर व्यापक असर लेकिन गेहूं को फायदा पहुंचा है। तापमान सामान्य से कम रहने के कारण ठंड से गेहूं की फसल को तो अच्छा खासा फायदा पहुंच रहा है लेकिन सरसों तथा सब्जियों पर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है। सब्जियां झुलसने लगी हैं। साथ में उत्पादन भी प्रभावित हो गया है। सब्जियों को बचाने के लिए सब्जी उत्पादकों द्वारा अबतक उठाए गए कदम ठंड के सामने बौने साबित हो रहे हैं। सबसे ज्यादा नुकसान बेल वाली सब्जियों तथा टमाटर फसल को हुआ है। ठंड का असर सरसों पर भी देखने को मिल रहा है।

अंबाला का पारा आठ डिग्री

पांडू पिंडारा कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक डॉ राजेश ने बताया कि फिलहाल ठंड से राहत मिलने के कोई आसार नहीं हैं। जल्द ही एक ओर पश्चिम विक्षोभ के सक्रिय होने के संकेत मिले हैं, जिससे बादलों के छाये रहने के आसार हैं। इक्का-दुक्का स्थान पर बूंदाबांदी भी हो सकती है। ठंड को देखते हुए उन्होंने किसानों को सलाह दी कि वह शाम को फसलों की सिंचाई करें और सब्जियों पर पराली ढक कर रखें। ठिठुरन रहने के बावजूद तापमान में मामूली वृद्धि हुई। चंडीगढ़ में घना कोहरा तथा बादल छाये रहे तथा भीषण ठंड का प्रकोप बना रहा। शहर का न्यूनतम पारा सात डिग्री रहा।

पंजाब में बठिंडा तीन डिग्री, अमृतसर नौ डिग्री, फरीदकोट पांच डिग्री, गुरदासपुर छह डिग्री, पटियाला सात, लुधियाना आठ डिग्री रहा। कोहरे के कारण लोगों को दिन में भी वाहनों की हेडलाइट जलाकर चलना पड़ा। अंबाला का पारा आठ डिग्री,नारनौल पांच डिग्री, हिसार चार डिग्री, करनाल आठ डिग्री, रोहतक सात डिग्री, सिरसा चार डिग्री, भिवानी तीन डिग्री सेल्सियस रहा।

अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here