हनुमानगढ़ (सच कहूँ/हरदीप सिंह)। पत्नी की हत्या के मामले में अदालत ने आरोपी पति को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। यह फैसला जिला एवं सेशन न्यायाधीश तनवीर चौधरी ने मंगलवार को सुनाया। अदालत ने आरोपी पर 25 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर तीन माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। प्रकरण के अनुसार, 22 अक्टूबर 2021 को रावतसर निवासी महावीर (47) पुत्र खेमाराम बाजीगर ने टाउन थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। Hanumangarh News
रिपोर्ट में बताया गया कि उसकी पुत्री रुकमा देवी की शादी करीब 12 वर्ष पहले आत्माराम उर्फ लाभा के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही आरोपी आत्माराम अपनी पत्नी को परेशान करता था और इस संबंध में कई बार पंचायत भी हो चुकी थी। घटना से तीन दिन पहले रुकमा देवी और उसका पति अराईयांवाली स्थित अपने घर लौटे थे। 22 अक्टूबर को महावीर को फोन के जरिए सूचना मिली कि उसकी पुत्री की हत्या कर दी गई है।
जब वह मौके पर पहुंचा तो रुकमा देवी का शव घर के कमरे में पड़ा मिला, जिसके सिर पर चोट के निशान थे। मामले में आरोपी आत्माराम उर्फ लाभा पुत्र मंगूराम बाजीगर निवासी वार्ड नंबर 9, गांव अराईयांवाली के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। विचारण के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से 15 गवाह पेश किए गए और 44 दस्तावेज न्यायालय में प्रस्तुत किए गए। परिवादी पक्ष की ओर से मनोज शर्मा ने प्रभावी पैरवी की, जिसके आधार पर न्यायालय ने आरोपी को भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत दोषी मानते हुए आजीवन कारावास व 25 हजार रुपए के अर्थदण्ड, अदम अदायगी अर्थदण्ड तीन माह के अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा सुनाई। Hanumangarh News















