नाइजीरिया में गहराता खाद्य संकट, आगामी दिनों में 3.5 करोड़ लोगों के भूखो मरने का खतरा: संयुक्त राष्ट्र
यदि समय रहते सहायता नहीं पहुंची, तो स्थिति और अधिक चिंताजनक हो सकती है
Nigeria Food Crisis: संयुक्त राष्ट्र। वैश्विक मानवीय सहायता एजेंसियों ने चेतावनी दी है कि नाइजीरिया इस वर्ष गंभीर खाद्य संकट की भयावह स्थिति की ओर बढ़ रहा है। संघर्ष, हिंसा, असुरक्षा और आर्थिक दबावों के कारण करोड़ों लोग भोजन की कमी और कुपोषण जैसी गंभीर चुनौतियों का सामना करने के कगार पर हैं। संयुक्त राष्ट्र के मानवीय अधिकारियों का कहना है कि यदि समय रहते सहायता नहीं पहुंची, तो स्थिति और अधिक चिंताजनक हो सकती है। Nigeria News
संयुक्त राष्ट्र की मानवीय समन्वय एजेंसी ने बताया कि नाइजीरिया में बड़ी संख्या में परिवार आर्थिक संकट और संसाधनों की कमी के कारण जीवन-यापन के लिए संघर्ष कर रहे हैं। अनुमान है कि जून से अगस्त के बीच देश में लगभग 3.5 करोड़ लोग गंभीर खाद्य असुरक्षा की चपेट में आ सकते हैं। यह स्थिति नाइजीरिया को दुनिया के सबसे बड़े भूख संकट वाले देशों की श्रेणी में ला रही है, जहां उत्तरी क्षेत्रों में हालात सबसे अधिक गंभीर बताए जा रहे हैं।
मानवीय एजेंसियों ने आशंका जताई है कि यदि राहत कार्यों में और देरी हुई, तो लाखों परिवारों को भोजन की मात्रा कम करनी पड़ सकती है, घरेलू संपत्तियां बेचनी पड़ सकती हैं और बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो सकती है। इसके साथ ही कुपोषण के मामलों में भी तेज वृद्धि होने की संभावना है, जिससे बच्चों के स्वास्थ्य पर गहरा असर पड़ सकता है। रिपोर्ट के अनुसार, उत्तर-पश्चिमी और उत्तर-पूर्वी नाइजीरिया में इस वर्ष लाखों बच्चों के गंभीर कुपोषण का सामना करने की आशंका है। राहत एजेंसियों का कहना है कि बच्चों और महिलाओं की स्थिति विशेष रूप से संवेदनशील बनी हुई है, इसलिए तत्काल सहायता बढ़ाने की जरूरत है। Nigeria News
संयुक्त राष्ट्र और उसके सहयोगी संगठनों ने राहत कार्यों को तेज करने के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय से तुरंत आर्थिक सहयोग की अपील की है। अधिकारियों के अनुसार, मानवीय सहायता योजना के लिए अपेक्षित धनराशि का अभी तक पूरा हिस्सा उपलब्ध नहीं हो पाया है, जिससे राहत कार्यों की गति प्रभावित हो रही है। इसी बीच, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने अफ्रीकी देशों में बढ़ते संघर्ष, जलवायु संकट और आर्थिक अस्थिरता पर चिंता जताते हुए अंतरराष्ट्रीय समुदाय से शीघ्र कार्रवाई का आग्रह किया है।
उन्होंने कहा कि युद्ध, जलवायु आपदाएं, भूख और गरीबी अफ्रीका के स्थिर और समृद्ध भविष्य के रास्ते में बड़ी बाधाएं बन रही हैं। उन्होंने कहा कि अफ्रीका में शांति और स्थिरता के लिए संवाद, सहयोग और मजबूत स्थानीय संस्थाएं बेहद आवश्यक हैं। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में बाधाएं और समुद्री मार्गों पर तनाव अफ्रीकी देशों की अर्थव्यवस्था पर भी नकारात्मक प्रभाव डाल सकते हैं। संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने यह भी कहा कि अफ्रीका को वैश्विक निर्णय प्रक्रिया में अधिक प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए, ताकि महाद्वीप की समस्याओं का समाधान अधिक प्रभावी तरीके से किया जा सके। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से शांति, विकास और जलवायु न्याय के लिए साझा प्रयासों को मजबूत करने की अपील की। Nigeria News