Deepak Babaria latest news: नहीं रहे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दीपक बाबरिया, राहुल गांधी-प्रियंका ने जताया शोक

सचिन पायलट सहित अन्य नेताओं ने भी जताया शोक

Published On

नई दिल्ली (सच कहूँ/एजेंसी)। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और हरियाणा के पूर्व पार्टी प्रभारी दीपक बाबरिया के निधन से कांग्रेस संगठन में शोक की लहर है। उनके निधन पर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा और वरिष्ठ नेता सचिन पायलट ने दुख व्यक्त किया। नेताओं ने बाबरिया के संगठनात्मक योगदान और पार्टी के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी।

राहुल गांधी ने बताया कांग्रेस परिवार के लिए बड़ी क्षति

राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर शोक संदेश साझा करते हुए कहा कि दीपक बाबरिया का निधन कांग्रेस के लिए बड़ी क्षति है। उन्होंने पार्टी संगठन को मजबूत बनाने में बाबरिया की भूमिका और उनके समर्पण को याद किया। राहुल गांधी ने दिवंगत नेता के परिजनों, सहयोगियों और समर्थकों के प्रति संवेदना भी व्यक्त की।

प्रियंका गांधी और सचिन पायलट ने भी दी श्रद्धांजलि

प्रियंका गांधी वाड्रा ने बाबरिया के निधन पर दुख जताते हुए उनके संगठनात्मक योगदान और कांग्रेस की विचारधारा के प्रति निष्ठा को याद किया। उन्होंने शोकाकुल परिवार और समर्थकों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। वहीं, सचिन पायलट ने भी बाबरिया के निधन को पार्टी के लिए अपूरणीय क्षति बताया। उन्होंने कहा कि संगठन के प्रति उनकी प्रतिबद्धता और काम करने का तरीका लंबे समय तक याद किया जाएगा। पायलट ने दिवंगत नेता के परिवार को इस कठिन समय का सामना करने की शक्ति मिलने की कामना की।

दीपक बाबरिया ने अक्टूबर 2024 में हरियाणा विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद अपने पद से हटने की पेशकश की थी। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उन्होंने खराब स्वास्थ्य और चुनावी परिणामों की नैतिक जिम्मेदारी को इसका कारण बताया था। उस चुनाव में कांग्रेस को अपेक्षित सफलता नहीं मिली थी। इसके बाद बाबरिया ने पार्टी नेतृत्व से अपनी जगह किसी अन्य नेता को जिम्मेदारी सौंपने पर विचार करने का अनुरोध किया था।

कांग्रेस संगठन में रहा लंबा अनुभव

दीपक बाबरिया को कांग्रेस के संगठनात्मक कामकाज का अनुभव रखने वाले नेताओं में गिना जाता था। उन्होंने विभिन्न राज्यों में पार्टी की जिम्मेदारियां संभालीं और हरियाणा तथा मध्य प्रदेश में उनकी भूमिका चर्चा में रही। उनके निधन पर पार्टी नेताओं की प्रतिक्रियाओं के बीच उनके राजनीतिक और संगठनात्मक योगदान को याद किया जा रहा है।

About The Author

Related Posts