रविवार को सत्संग भंडारा सुबह 10 से 12 बजे शााह सतनाम जी धाम सरसा में

Published On

डेरा सच्चा सौदा की साध-संगत हर्षाेल्लास से मनाएगी पहला पावन सत्संग भंडारा

  • साध-संगत में कार्यक्रम को लेकर भारी उत्साह, बड़ी संख्या में सेवादार तैयारियां में जुटे (Sirsa)

सरसा (सच कहूँ न्यूज)। डेरा सच्चा सौदा के इतिहास में यह पहला अवसर है जब मई महीने के आखिरी रविवार को सत्संग भंडारे (Satsang Bhandara) के रूप में मनाया जा रहा है। इस दिन डेरा सच्चा सौदा के संस्थापक पूज्य सार्इं शाह मस्ताना जी महाराज ने पहला रूहानी सत्संग फरमाया था, जिसको यादगार बनाते हुए पूज्य हजूर पिता संत डा. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां ने फरवरी माह में लाइव रूहानी रूबरू कार्यक्रम दौरान इस बारे में वचन फरमाए थे और यह सत्संग भंडारा मंजूर किया था। उधर इस अनूठे सत्संग भंडारे को लेकर डेरा प्रबंधन की ओर से बड़े स्तर पर तैयारियां की गई हैं। हजारों सेवादार अलग-अलग समितियों में अपनी डयूटियों पर तैनात हो चुके हैं।

डेरा सच्चा सौदा का ‘सत्संग भंडारा’ 28 मई को शाह सतनाम जी धाम, सरसा (Sirsa) में हर्षोल्लास से मनाया जा रहा है। इस पावन अवसर को साध-संगत में भारी उत्साह पाया जा रहा है। पावन सत्संग भंडारे को लेकर विभिन्न समितियों के सेवादारों ने व्यापक स्तर पर तैयारियां जोरों से शुरू कर दी हैं। भंडारे का समय सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक निर्धारित किया गया है। जिम्मेवार सेवादारों ने बताया कि डेरा सच्चा सौदा में पहली बार सत्संग भंडारा मनाया जा रहा है।

इसको लेकर पंडाल, ट्रैफिक, स्पीकर, पेयजल, लंगर-भोजन सहित सभी समितियों के सेवादारों ने ड्यूटियां संभाल ली हैं। गौरतलब है कि बेपरवाह सार्इं शाह मस्ताना जी महाराज ने 29 अप्रैल 1948 को डेरा सच्चा सौदा की स्थापना की और इसके पश्चात मई महीने में पहला सत्संग फरमाया। इसलिए मई महीने के अंतिम रविवार को डेरा सच्चा सौदा की साध-संगत पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां के वचनानुसार पावन ‘सत्संग भंडारा’ मना रही है।

About The Author

Related Posts