Women Farmers News: खेती से खाद्य सुरक्षा तक, महिला किसानों की बढ़ेगी भागीदारी
रबी बुवाई पूर्व गोष्ठी में उन्नत कृषि तकनीक, सरकारी योजनाओं और महिला सशक्तिकरण पर मंथन
Agricultural Awareness Camp: हनुमानगढ़ (सच कहूँ न्यूज़)। अंतरराष्ट्रीय महिला किसान वर्ष 2026 के उपलक्ष्य में गुरुवार को कार्यालय उप निदेशक कृषि एवं पदेन परियोजना निदेशक आत्मा, हनुमानगढ़ परिसर में रबी फसल बुवाई पूर्व किसान गोष्ठी आयोजित की गई। आत्मा परियोजना के तहत आयोजित गोष्ठी में किसानों को कृषि, पशुपालन, डेयरी और सहकारिता क्षेत्र की सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई।
साथ ही उन्नत खेती, फसल उत्पादन बढ़ाने और किसानों की आय में वृद्धि के उपायों पर चर्चा की गई। गोष्ठी में मृदा स्वास्थ्य, सिंचाई जल की जांच, मृदा स्वास्थ्य कार्ड के अनुसार उर्वरक एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों का उपयोग, रबी फसल प्रबंधन, फसल चक्र और सूत्रकृमि नियंत्रण की जानकारी दी गई। इसके अलावा पशुओं के रोग, टीकाकरण, पशुधन मंगला बीमा योजना, बागवानी, नए बगीचे स्थापित करने तथा गंगमूल डेयरी की योजनाओं के बारे में बताया गया। किसानों को नि:शुल्क बीज वितरण, उन्नत कृषि तकनीक का प्रशिक्षण और दलहन-तिलहन उत्पादन में आत्मनिर्भरता के लिए किए जा रहे प्रयासों से भी अवगत करवाया गया।
कृषि अधिकारियों ने 16 अक्टूबर को विश्व खाद्य दिवस के संदर्भ में खाद्य सुरक्षा में महिलाओं के योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि कृषि कार्यबल में महिलाओं की भागीदारी करीब 50 प्रतिशत है, जबकि पशुपालन क्षेत्र में भी महिलाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए कृषि उपकरणों, खाद्य प्रसंस्करण और मूल्य संवर्धन के क्षेत्र में सरकारी योजनाओं के तहत सहायता एवं अनुदान उपलब्ध करवाया जा रहा है।
गोष्ठी में उप परियोजना निदेशक आत्मा विनोद पोटलिया, उप निदेशक कृषि (शस्य) एटीसी डॉ. शीशराम, सहायक निदेशक उद्यान साहबराम गोदारा, कृषि अधिकारी अंकुर भाखर, कृषि अनुसंधान अधिकारी डॉ. राधेश्याम सिहाग व डॉ. अनिल कुमार, वरिष्ठ कृषि पर्यवेक्षक अकविन्द्र कौर व कैलाश, कृषि पर्यवेक्षक राकेश बिश्नोई व मीनाक्षी, मिट्टी परीक्षण प्रयोगशाला के सहायक कृषि अनुसंधान अभिषेक गोदारा, पशु चिकित्सक डॉ. सुनील भाखर व डॉ. अमित शर्मा तथा गंगमूल डेयरी प्लांट प्रभारी ज्ञानचन्द स्वामी सहित किसान मौजूद रहे।