Kairana Pollution News: प्रदूषण के खिलाफ चल रहे धरने पर चढ़ा सियासी रंग, राजनीतिक लोगो का लगा जमावड़ा
फैक्ट्री संचालकों से वार्ता के बाद ग्रामीणों ने की 28 अक्टूबर तक धरना स्थगित करने की घोषणा
कैराना, सच कहूँ न्यूज़। Kairana Pollution News: कैराना ब्लॉक क्षेत्र के गांव कण्डेला में स्थित औद्योगिक क्षेत्र में संचालित फैक्ट्रियों से फैल रहे प्रदूषण के खिलाफ चल रहे धरने पर शनिवार को सियासी रंग चढ़ा नजर आया। एक दिन पूर्व कैराना लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र से समाजवादी पार्टी की सांसद इकरा हसन ने धरनास्थल पर पहुंचकर ग्रामीणों को अपना समर्थन दिया था। उन्होंने प्रशासन की कथनी और करनी में भेद होने की बात कहते हुए सवाल उठाए थे। साथ ही, सत्तारूढ़ पार्टी के नेताओं एवं पूंजीपतियों को भी कटघरे में खड़ा किया था।
इकरा हसन के धरनास्थल पर पहुंचकर ग्रामीणों को समर्थन दिए जाने की घोषणा ने जनपद की सियासत में हलचल पैदा कर दी थी। इसी के चलते शनिवार को धरने के पांचवे दिन भाजपा नेता मनीष चौहान भी ग्रामीणों के बीच पहुंचे। उन्होंने धरनारत ग्रामीणों से वार्ता करते हुए उनकी समस्या को गम्भीरता से सुना। इसके पश्चात, फोन पर प्रशासन के अधिकारियों से वार्ता की। बाद में मनीष चौहान के नेतृत्व में ग्रामीणों का प्रतिनिधिमंडल औद्योगिक क्षेत्र में पहुंचा। जहां पर उन्होंने शामली इंडस्ट्रियल एंड मैन्युफैक्चरिंग एसोसिएशन(सिग्मा) व इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन(आईआईए) के पदाधिकारियों से वार्ता की।
ग्रामीणों ने फैक्ट्री संचालकों के समक्ष रखी आठ मांगे
वार्ता के दौरान ग्रामीणों ने फैक्ट्रियों से उत्सर्जित खतरनाक धुएं एवं रसायन पर पूर्ण रूप से अंकुश लगाए जाने की मांग की। ग्रामीणों के द्वारा फैक्ट्रियों में बाहर का कूड़ा-कचरा न जलाए जाने, कंपनियों में एयर क्वालिटी फिल्टर लगाए जाने, फैक्ट्रियों से निकलने वाले रसायन को ट्रीट करके छोड़ने, प्रभावित गांवों में मेडिकल शिविर, गांवों के पानी की लैब टेस्टिंग, औद्योगिक क्षेत्र में सुबह-शाम पानी का छिड़काव, फैक्ट्री परिसर में ज्यादा से ज्यादा पौधारोपण एवं प्रत्येक तीन महीने में आसपास के गांवों में कीटाणुनाशक छिड़काव कराए जाने आदि की
मांग की गई। प्रतिउत्तर में उद्योग संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि सभी फैक्ट्रियां प्रदूषण के नियत मानकों के अनुरुप संचालित की जा रही है। प्रदूषण विभाग के द्वारा निर्धारित समयावधि पर फैक्ट्रियों से उत्सर्जित धुएं व रसायनिक पदार्थों की जांच की जाती है। इसके बावजूद, यदि ग्रामीणों को कहीं कोई समस्या है तो उसका भी हल निकाला जाएगा।
योगी सरकार में किसी का नही होने देंगे शोषण:योगी गौतमनाथ
उधर धरनास्थल पर दिनभर राजनीतिक पार्टियों एवं किसान संगठनों के प्रतिनिधियों का जमावड़ा लगा रहा, जिसमें समाजवादी पार्टी के स्थानीय पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल रहे। ऊंचागांव मठ से योगी डॉ. गौतमनाथ भी कण्डेला बस स्टॉप के निकट चल रहे धरनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने प्रशासन को खुले शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की सरकार है। प्रशासन कान खोलकर सुन ले। यहां पूंजीपतियों की शह पर किसी का शोषण नही होने दिया जाएगा। उन्होंने प्रशासन से प्रदूषण की समस्या का त्वरित संज्ञान लेकर उचित निदान कराए जाने की मांग की है।
समस्या का समाधान न होने पर होगा बड़ा आंदोलन
ग्राम कण्डेला के प्रधान प्रतिनिधि सूरज चौहान ने बताया कि फैक्ट्री संचालकों से भाजपा नेता मनीष चौहान के नेतृत्व में ग्रामीणों की वार्ता हुई है। उन्होंने 28 अक्टूबर तक ग्रामीणों की सभी मांगे माने जाने का आश्वासन दिया है। इस पर ग्रामीणों ने आपसी सलाह मशवरे के पश्चात धरना स्थगित करने की घोषणा की है। दिए गए समय में मांगे पूरी न होने पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
