Ways to Strengthen Bones: हड्डियों के कमजोर होने की पहचान कर शुरू करें इलाज, इन वजह से होती है परेशानी
Ways to Strengthen Bones: हड्डियों के कमजोर होने की पहचान कर शुरू करें इलाज, इन वजह से होती है परेशानी
पिहोवा, जसविंद्र सिंह।। आधुनिक जीवनशैली, अनियमित खान-पान, शारीरिक गतिविधियों में कमी और लंबे समय तक मोबाइल व कंप्यूटर के उपयोग के कारण आज कम उम्र में भी लोगों को जोड़ों के दर्द, कमर दर्द, गर्दन दर्द और हड्डियों की कमजोरी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इन बीमारियों से बचाव के लिए समय रहते सही खान-पान और नियमित व्यायाम अपनाना बेहद जरूरी है। यह जानकारी बालाजी हॉस्पिटल एवं ट्रॉमा सेंटर, पिहोवा के हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. विकास ने लोगों को जागरूक करते हुए दी।
डॉ. विकास ने बताया कि पहले हड्डियों और जोड़ों से जुड़ी समस्याएं मुख्य रूप से बढ़ती उम्र में देखने को मिलती थीं, लेकिन आज की बदलती जीवनशैली के कारण युवा वर्ग भी इन समस्याओं की चपेट में आ रहा है। फास्ट फूड, जंक फूड, कोल्ड ड्रिंक्स का अधिक सेवन, धूप से दूरी, शारीरिक श्रम की कमी और लंबे समय तक एक ही स्थिति में बैठे रहने से हड्डियां कमजोर होने लगती हैं।
उन्होंने कहा कि मजबूत हड्डियों के लिए भोजन में कैल्शियम, विटामिन-डी, प्रोटीन और अन्य पोषक तत्वों का पर्याप्त मात्रा में शामिल होना आवश्यक है। दूध, दही, पनीर, हरी पत्तेदार सब्जियां, दालें, सूखे मेवे और मौसमी फलों का नियमित सेवन करना चाहिए। साथ ही सुबह की धूप लेना, प्रतिदिन कम से कम 30 मिनट टहलना या हल्का व्यायाम करना भी हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है। डॉ. विकास ने बताया कि यदि जोड़ों में लगातार दर्द, सूजन, चलने-फिरने में परेशानी, कमर या गर्दन में लंबे समय तक दर्द बना रहे या मामूली चोट लगने पर भी फ्रैक्चर हो जाए, तो इसे सामान्य समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत हड्डी रोग विशेषज्ञ से परामर्श लेना चाहिए, क्योंकि समय पर उपचार से गंभीर समस्याओं से बचा जा सकता है। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर, संतुलित आहार लेकर, नियमित व्यायाम करके तथा समय-समय पर स्वास्थ्य जांच करवाकर हड्डियों को लंबे समय तक मजबूत और स्वस्थ रखा जा सकता है। उन्होंने कहा कि "स्वस्थ और मजबूत हड्डियां ही स्वस्थ जीवन की मजबूत नींव हैं, इसलिए आज से ही अपनी जीवनशैली में सकारात्मक बदलाव लाएं और हड्डियों के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें।