धुंध से दुर्घटनाओं का कहर
नहरों और माइनरों के असंख्य पुल टूटे हुए हैं।
खास करके ग्रामीण क्षेत्र में पुलों की टूटी हुई रैलिंग की तरफ कोई ध्यान नहीं दिया जाता।
लापरवाही पर लापरवाही
नियमों का पालन हमारी मानसिकता का अंग होना चाहिए।
कई बार नियमों का उल्लंघन करने को ही लोग अपनी शान समझने लगते हैं।


























