Gold-Silver Price Today: चमका सोना-चांदी, सोना 0.75 प्रतिशत तो चांदी करीब 3,000 रुपए तेज
जानें कीमतों में तेजी की बड़ी वजह।
नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ती अनिश्चितता, महंगाई को लेकर चिंता और पश्चिम एशिया में जारी तनाव का असर शुक्रवार को घरेलू सर्राफा बाजार पर भी दिखाई दिया। सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिन सोने और चांदी दोनों में तेजी दर्ज की गई। निवेशकों के बीच सुरक्षित निवेश विकल्पों की मांग बढ़ने से कीमती धातुओं को समर्थन मिला। केंद्रीय बैंकों की खरीदारी और निवेशकों की मजबूत मांग ने भी सोने की कीमतों को सहारा दिया। खासकर वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों को देखते हुए सोने में निवेश को लेकर बाजार का रुझान मजबूत बना हुआ है।
MCX पर सोना ₹1.60 लाख के ऊपर
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर अक्टूबर डिलीवरी वाला सोना पिछले बंद भाव ₹1,59,425 प्रति 10 ग्राम के मुकाबले करीब 0.75 प्रतिशत की बढ़त के साथ ₹1,60,630 प्रति 10 ग्राम पर खुला। यही कारोबार के दौरान इसका शुरुआती उच्च स्तर भी रहा। हालांकि बाद में कुछ मुनाफावसूली देखने को मिली और सोना दिन के दौरान ₹1,59,601 के निचले स्तर तक पहुंचा। इसके बावजूद कीमतों में मजबूती बनी रही।
कारोबार के दौरान उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक अक्टूबर गोल्ड फ्यूचर्स करीब 0.71 प्रतिशत की बढ़त के साथ ₹1,60,549 प्रति 10 ग्राम के आसपास कारोबार करता नजर आया।
सोने के साथ चांदी में भी निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी। MCX पर सितंबर डिलीवरी वाली चांदी ₹2,43,243 प्रति किलोग्राम के पिछले बंद भाव से बढ़कर करीब ₹2,44,988 प्रति किलोग्राम पर खुली। कारोबार के दौरान चांदी ने तेजी पकड़ी और करीब 1.22 प्रतिशत की बढ़त के साथ ₹2,46,229 प्रति किलोग्राम का उच्च स्तर बनाया। हालांकि बाद में कुछ मुनाफावसूली के चलते भाव नीचे आए। खबर लिखे जाने तक सितंबर सिल्वर फ्यूचर्स लगभग ₹2,45,562 प्रति किलोग्राम पर कारोबार कर रहा था।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी कीमती धातुओं को मजबूती
विदेशी बाजार में भी सोने और चांदी की कीमतों में तेजी बनी रही। कॉमेक्स पर सोने ने करीब 4,577 डॉलर प्रति औंस से कारोबार शुरू किया और आगे बढ़कर 4,604.40 डॉलर तक पहुंचा। बाद में यह करीब 4,612 डॉलर प्रति औंस के आसपास कारोबार करता नजर आया। इसी तरह कॉमेक्स पर चांदी करीब 68.29 डॉलर प्रति औंस पर खुली और बढ़कर लगभग 69.25 डॉलर के उच्च स्तर तक पहुंच गई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में मजबूत कीमतों का सकारात्मक असर घरेलू वायदा बाजार पर भी देखने को मिला।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और अमेरिका-ईरान संबंधों को लेकर बढ़ती अनिश्चितता निवेशकों की चिंता बढ़ा रही है। ऊर्जा आपूर्ति को लेकर जोखिम बढ़ने की आशंका के कारण महंगाई का दबाव भी बाजार के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। ऐसे माहौल में निवेशक अपेक्षाकृत सुरक्षित माने जाने वाले परिसंपत्ति वर्गों की ओर रुख कर रहे हैं। इसका फायदा सोने और चांदी जैसी कीमती धातुओं को मिल रहा है।
महंगा क्रूड भी बढ़ा रहा महंगाई का डर
कच्चे तेल की कीमतों में मजबूती ने भी बाजार की चिंता बढ़ाई है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक ब्रेंट क्रूड करीब 93.82 डॉलर प्रति बैरल, जबकि अमेरिकी WTI करीब 86.78 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार कर रहा था। तेल की कीमतों में लगातार तेजी से वैश्विक महंगाई पर दबाव बढ़ने की आशंका है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि पश्चिम एशिया में तनाव लंबे समय तक जारी रहता है और तेल आपूर्ति को लेकर जोखिम बना रहता है, तो इससे सोने की सुरक्षित निवेश मांग को और सहारा मिल सकता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, सोने और चांदी की दिशा आगे मुख्य रूप से भू-राजनीतिक तनाव, कच्चे तेल की कीमत, डॉलर की चाल, केंद्रीय बैंकों की खरीदारी और वैश्विक ब्याज दरों पर निर्भर करेगी। यदि पश्चिम एशिया में तनाव कम नहीं होता और कच्चा तेल ऊंचे स्तर पर बना रहता है, तो आने वाले दिनों में कीमती धातुओं में तेजी का रुझान कायम रह सकता है। हालांकि तेज बढ़त के बाद बीच-बीच में मुनाफावसूली से कीमतों में उतार-चढ़ाव भी देखने को मिल सकता है।