फर्जी शिक्षा योजना के नाम पर 11 लाख की ठगी
सरकारी नौकरी का झांसा देकर युवाओं से वसूले पैसे, चार आरोपियों पर केस दर्ज
हनुमानगढ़। भादरा क्षेत्र में फर्जी शिक्षा योजना के नाम पर सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपए ठगने का मामला सामने आया है। अदालत के आदेश पर भादरा पुलिस थाना में चार नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। जानकारी के अनुसार, गांव छानीबड़ी हाल आबाद बस स्टैंड के पास भादरा निवासी अमित कुमार (26) पुत्र रामनिवास वाल्मीकि ने अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट भादरा के समक्ष इस्तगासा पेश किया। Hanumangarh News
इसमें आरोप लगाया गया कि दिल्ली स्थित कथित सर्वत्र शिक्षा समिति के नाम पर फर्जी दस्तावेज तैयार कर आरोपियों ने उससे और अन्य लोगों से करीब 11 लाख रुपए हड़प लिए। परिवाद के अनुसार, फरवरी 2025 में आरोपी रमेश शाक्य, बजरंग बली राव, धर्मवीर प्रताप और रोहताश भादरा पहुंचे और खुद को सर्वत्र शिक्षा समिति से जुड़ा बताते हुए सरकारी परियोजना का दावा किया। आरोपियों ने कहा कि संस्कृति मंत्रालय के साथ एमओयू के तहत 10 वर्षों का प्रोजेक्ट स्वीकृत है और इसके तहत शिक्षकों की भर्ती की जाएगी।
आरोपियों ने अमित कुमार को जिला परियोजना नियंत्रण अधिकारी बनाने का झांसा दिया और ब्लॉक सुपरवाइजर के माध्यम से शिक्षकों की भर्ती करने को कहा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि चयनित अभ्यर्थियों को सरकारी स्कूलों में स्थाई नौकरी मिलेगी, जिसमें प्रारंभिक वेतन 9240 रुपए और हर वर्ष 10 प्रतिशत वृद्धि होगी। अमित कुमार ने आरोपियों के दिए दस्तावेजों पर विश्वास कर कई लोगों को सुपरवाइजर बनाया और उनके माध्यम से 52 अभ्यर्थियों से करीब 21-21 हजार रुपए लिए गए। Hanumangarh News
कुछ राशि ऑनलाइन और कुछ डिमांड ड्राफ्ट के जरिए आरोपियों तक पहुंचाई गई। परिवाद में बताया गया कि आरोपियों ने करीब 24 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र भी जारी कर दिए, जिसके बाद कुछ अभ्यर्थियों ने विभिन्न स्कूलों में पढ़ाना शुरू कर दिया। हालांकि, तय समय तक किसी को वेतन नहीं मिला। शक होने पर परिवादी ने दिल्ली जाकर जांच की, जहां पता चला कि ऐसी कोई योजना सरकार की ओर से संचालित नहीं है और सर्वत्र शिक्षा समिति के नाम से कोई वैध संस्था या प्रोजेक्ट स्वीकृत नहीं है।
आरोप है कि आरोपियों ने फर्जी एमओयू और दस्तावेज तैयार कर ठगी की। जब परिवादी ने आरोपियों से पैसे वापस मांगे तो उन्होंने धमकी देते हुए इंकार कर दिया। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच सहायक उप निरीक्षक महेंद्र कुमार को सौंपी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और आरोपियों की भूमिका की गहन पड़ताल की जा रही है। Hanumangarh News