Hanumangarh Mining News: हनुमानगढ़ में खनिज वाहनों की जांच, 4 गाड़ियों पर 4.87 लाख की पेनल्टी

15 खनिज वाहनों की जांच में 3 के पास रॉयल्टी रवन्ना नहीं, एक में निर्धारित मात्रा से अधिक मिला खनिज

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हनुमानगढ़ (सच कहूँ न्यूज़)। खान एवं पेट्रोलियम विभाग, राजस्थान सरकार, जयपुर की अतिरिक्त मुख्य सचिव अर्पणा अरोड़ा के आदेशों की पालना में जिले में खनिज वाहनों और धर्मकांटों की जांच के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। 6 अक्टूबर से शुरू हुए इस अभियान के तहत 10 अक्टूबर तक की कार्रवाई में 3 तुला यंत्रों का निरीक्षण किया गया, जिनमें कोई अनियमितता नहीं मिली।

वहीं, 15 खनिज वाहनों की जांच में चार वाहनों में अनियमितताएं पाए जाने पर कुल 4 लाख 87 हजार 598 रुपए की शास्ति राशि राजकोष में जमा करवाई गई है। सहायक खनि अभियंता सोहनलाल गुरु ने बताया कि अभियान के तहत प्रदेशभर में खनिज वाहनों की तुलाई करने वाले धर्मकांटों और तुला यंत्रों की नियमित जांच के निर्देश दिए गए हैं। इसके अनुसार प्रत्येक माह कम से कम 50 धर्मकांटों अथवा तुला यंत्रों का निरीक्षण करने और कम से कम 100 खनिज भरे वाहनों में मौजूद खनिज की मात्रा का सत्यापन किया जाना है। इसी क्रम में कार्यालय सहायक खनि अभियंता, खान एवं भू-विज्ञान विभाग, हनुमानगढ़ की ओर से जिले में कार्रवाई की जा रही है।

कार्रवाई के दौरान 15 खनिज वाहनों का निरीक्षण किया गया। इनमें तीन वाहनों के पास रॉयल्टी रवन्ना नहीं मिला, जबकि एक वाहन में रवन्ने में अंकित मात्रा से अधिक खनिज पाया गया, जिसका रवन्ना जारी नहीं करवाया गया था। इन चारों वाहनों के मामलों में कुल 4,87,598 रुपए की शास्ति एवं पेनल्टी राजकोष में जमा करवाई गई। उन्होंने बताया कि जिले में अवैध खनन एवं खनिज निर्गमन के विरुद्ध कार्रवाई लगातार जारी है। अब तक अवैध खनन एवं निर्गमन के 51 प्रकरण बनाकर कुल 55.54 लाख रुपए की वसूली राजकोष में जमा करवाई जा चुकी है। उन्होंने बताया कि धर्मकांटों एवं तुला यंत्रों का निरीक्षण कर उनकी कार्यप्रणाली की जांच की जा रही है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि तुलाई सही तरीके से हो रही है और किसी प्रकार की अनियमितता नहीं की जा रही।

विभागीय कार्यों के लिए अतिरिक्त तकनीकी स्टाफ की मांग

सोहनलाल गुरु ने बताया कि अवैध खनन एवं खनिज निर्गमन पर प्रभावी कार्रवाई करने, विभागीय बकाया वसूली करने तथा जिला कलक्टर की ओर से आदेशित 'कर्मभूमि से मातृभूमि' अभियान के तहत ईंट-भट्टों पर वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित करवाने संबंधी कार्यों को पूरा करने के लिए अतिरिक्त तकनीकी स्टाफ की आवश्यकता है। इस संबंध में खनि कार्यदेशक अथवा सर्वेयर को अतिरिक्त रूप से नियुक्त करने के लिए अधीक्षण खनि अभियंता, खान एवं भू-विज्ञान विभाग, बीकानेर को पत्र लिखा गया है। विभाग की ओर से विशेष अभियान के तहत कार्रवाई अग्रिम आदेशों तक जारी रहेगी।

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