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Rajasthan Police News: डीजीपी ने राजस्थान पुलिस अकादमी में बाल संरक्षण केंद्र का किया निरीक्षण
बाल संरक्षण के लिए अनुसंधान-आधारित नवाचार आवश्यक: महानिदेशक पुलिस राजस्थान
जयपुर, (सच कहूँ न्यूज़)। महानिदेशक पुलिस राजस्थान राजीव कुमार शर्मा ने बुधवार को राजस्थान पुलिस अकादमी में बाल संरक्षण केन्द्र का निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिस द्वारा यूनिसेफ के सहयोग से संचालित केन्द्र में सदस्यों और पुलिस अधिकारियों को बाल संरक्षण कार्यों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
शर्मा ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों के प्रभावी समाधान के लिए अनुसंधान आधारित नवाचार और जन जागरूकता जरूरी है। बदलते साइबर परिवेश में बच्चों को सुरक्षित रखने तथा बाल लैंगिक अपराधों की रोकथाम के लिए अभिभावकों और संबंधित हितधारकों का क्षमताओं का विकास भी आवश्यक है।
डीजीपी ने केंद्र से जुड़े अधिकारियों और सदस्यों को बाल संरक्षण के प्रमुख विषयों का गहन अध्ययन तथा विभिन्न जिलों में सामने आ रही समस्याओं पर साक्ष्य-आधारित अनुसंधान करने के निर्देश दिए। उन्होंने अनुसंधान के निष्कर्षों के आधार पर जागरूकता और क्षमता विकास संबंधी गतिविधियां कराने के लिए कहा।
बाल संरक्षण के लिए होंगे नवाचार
केंद्र का उद्देश्य बाल संरक्षण संबंधी समस्याओं का विस्तृत अध्ययन कर प्रभावी नवाचारों को बढ़ावा देना है। केंद्र का संचालन महानिदेशक पुलिस राजीव कुमार शर्मा के निर्देशन और अकादमी निदेशक व अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस संजीव कुमार नार्जरी के मार्गदर्शन में किया जा रहा है।
यूनिसेफ के बाल संरक्षण विशेषज्ञ डॉ. संजय कुमार निराला ने साइबर सुरक्षा, बालकों पर लैंगिक अपराधों की रोकथाम और अभिभावकों में जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कानूनी प्रावधानों के अनुरूप हितधारकों के नियमित प्रशिक्षण तथा क्षमता विकास में विषय विशेषज्ञों की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया। इस दौरान अकादमी के अतिरिक्त निदेशक शंकर दत्त शर्मा, पुलिस निरीक्षक धीरज वर्मा, यूनिसेफ कार्यक्रम अधिकारी हिमाली लेउवा, सलाहकार सिंधु बिनुजीत, डॉ. अजीत, आशुतोष, आकाश उपाध्याय सहित पुलिस और यूनिसेफ के अधिकारी उपस्थित थे।