UP: यूपी के इस शहर की बदल जाएगी तस्वीर, मंत्री असीम अरुण ने रखी विस्तृत योजना

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UP:  गाजियाबाद (सच कहूँ/रविंद्र सिंह)। उत्तर प्रदेश के प्रमुख उपनगरों में शुमार गाजियाबाद को नई दिशा देने के उद्देश्य से प्रदेश सरकार ने “गाजियाबाद की पुनर्कल्पना” शीर्षक से एक समावेशी और दूरदर्शी विकास योजना की घोषणा की है। प्रदेश के समाज कल्याण मंत्री व गाजियाबाद के प्रभारी मंत्री असीम अरुण ने इस नई सोच की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि अब समय आ गया है जब गाजियाबाद केवल विस्तार नहीं, बल्कि पुनर्रचना की ओर बढ़े। प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने बताया कि 60 वर्षों से उपनगर के रूप में विकसित हो रहा गाजियाबाद अब व्यवस्थित यातायात व्यवस्था, सशक्त कचरा प्रबंधन प्रणाली और मजबूत आधारभूत संरचना की माँग कर रहा है।

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इसी आवश्यकता को देखते हुए एक समग्र योजना तैयार की गई है। अरुण ने बताया कि सीईपीटी यूनिवर्सिटी के सहयोग से तैयार इस योजना में शहरी भूमि के पुनर्विकास, रैपिड रेल और मेट्रो स्टेशनों के आसपास मिश्रित भूमि उपयोग के क्षेत्रों के निर्माण तथा सार्वजनिक परिवहन को प्राथमिकता देने पर विशेष बल दिया गया है। खोड़ा कॉलोनी जैसी घनी बस्तियों के कायाकल्प के साथ-साथ छोटे भू-स्वामियों को भूमि पूलिंग के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस पहल से न केवल आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्रों में सुधार आएगा, बल्कि शहरी जीवन की गुणवत्ता में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी। मंत्री ने बताया कि भेंडी बाजार (मुंबई) और वैंकूवर (कनाडा) जैसे वैश्विक उदाहरणों से प्रेरणा लेते हुए यह योजना तैयार की गई है। इसका उद्देश्य गाजियाबाद को उत्तर भारत का एक टिकाऊ, समावेशी और आधुनिक शहरी केंद्र बनाना है।” अरुण ने जोर देते हुए कहा, “यह केवल सुधार की नहीं, बल्कि सोच और दृष्टिकोण की पुनर्कल्पना है। UP:

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