प्रॉइवेटों को मात दे रहा ‘बासीअरक’ का सरकारी स्कूल

संगरुर(सच कहूँ/गुरप्रीत सिंह)। आम आदमी पार्टी द्वारा सरकार बनते ही प्रदेश के स्कूलों को बेहद बढ़िया बनाकर शिक्षा प्रबंधों को ऊँचा उठाने का वायदा किया था परन्तु पंजाब में ऐसे कई स्कूल हैं जो दूसरे सरकारी स्कूलों के लिए उदहरण बने हुए हैं। ऐसे कुछ सरकारी स्कूलों ने तो निजी स्कूलों को पीछे छोड़ा हुआ है। ऐसा ही जिला संगरुर में सरकारी प्राथमिक स्मार्ट स्कूल, बासीअरक है, जो अपनी खूबसूरती और शैक्षणिक प्रबंधों के कारण दूसरे सरकारी स्कूलों को दिशा देने का काम रहा है। आज पत्रकारों की टीम द्वारा जब स्कूल का दौरा किया गया तो पहली नजर देखकर यह सरकारी स्कूल की बिल्डिंग किसी महंगे प्राईवेट स्कूल की बिल्डिंग का भ्रम डाल रही थी। स्कूल को चारों तरफ हरे-भरे वृक्षों के साथ घेरा हुआ। स्कूल में छुट्टी होने के कारण पौधों को पानी लगाकर उनकी देखभाल की जा रही। स्कूल के ग्राउंड, स्टोर, रसोई घर, लैब और अन्य सभी प्रबंध प्राईवेट स्कूलों की तरह ही हैं। स्कूल में एक मैथ पार्क बना हुआ है जिसके द्वारा बच्चों को गणित का ज्ञान दिया जा रहा है। स्कूल में आलीशान खेल ग्राउंड बने हुए हैं।

इस बारे में जानकारी देते हुए स्कूल के हैड टीचर जगदीश सिंह गग्गड़पुर ने बताया कि उन्होंने 2019 में इस स्कूल में बतौर हैड टीचर चार्ज संभाला था। उन्होंने बताया कि उस समय स्कूल में केवल 88 के करीब विद्यार्थी थे। बच्चों की संख्या बढ़ाने के लिए उन्होंने गाँव के घर-घर पहुँचे और ग्रामीणों को स्कूल में बच्चे दाखिल करवाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि आज खुशी की बात है कि स्कूल के पास 148 बच्चे हैं। स्कूल की मैनेजमेंट समिति के साथ मिलकर स्कूल की दशा सुधारने का बीड़ा उठाया था। तत्कालीन कांग्रेस सरकार के समय स्कूल के विकास के लिए साढ़े तीन लाख रुपए की अनुदान राशि आई थी। जिसके साथ स्कूल का मुख्य गेट, कमरों का रंग-रोगन, किचन शैड और अन्य काम करवाया था। हमारा स्कूल किसी भी प्राईवेट स्कूल से पीछे नहीं है। हमारे स्मार्ट स्कूल में बच्चों को आधुनिक शिक्षा के साथ जोड़ा गया है।

स्कूल में तीन प्रोजैक्टर मौजूद हैं। जिनके द्वारा बच्चों को पढ़ाई करवाई जाती है। स्कूल के हर कमरे में बच्चों के बैठने के लिए बैंच लगाए हैं। बच्चों के पीने के लिए आरओयुक्त ठंडा पानी है, बिजली के प्रबंध सुचारु रखने के लिए स्कूल में जैनरेटर भी लगवाया गया है। स्कूल में चारों तरफ सीसीटीवी कैमरे भी लगवाए गए हैं। स्कूल में लड़के और लड़कियों के लिए मैस भी बनाए हैं। इसके अलावा मैथ लैब, विज्ञान लैब आदि भी बनाईं गई हैं। उन्होंने बताया कि स्कूल में 4 अध्यापक हैं जो 148 विद्यार्थियों को पढ़ा रहे हैं। वैसे तो सभी ही अध्यापक पूरी तन्मयता के साथ बच्चों को बहुत बढ़िया पढ़ा रहे हैं, परन्तु इसके बावजूद दो अध्यापकों की स्कूल को जरुरत है। जिससे बच्चों की पढ़ाई का मानक ऊपर उठाया जा सके।

पिछले दिनों पाँचवी कक्षा के आए नतीजों के दौरान स्कूल के बड़ी संख्या विद्यार्थियों ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए हैं। उन्होंने बताया स्कूल के प्रबंध चलाने के लिए प्रशासनिक समिति भी बनाई गई है जिसके चेयरमैन मंगा सिंह हैं जिनके बच्चे स्कूल में पढ़ते हैं। इसके अलावा गाँव बासिअरक के सरपंच केवल सिंह का भी स्कूल के प्रबंधों को निखारने में बड़ा योगदान हैं। उन्होंने कहा कि समय-समय पर स्कूल में पढ़ाई का स्तर ऊँचा उठाने के लिए मीटिंगें चलती रहती हैं।

अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here