Weather Update: देर रात तेज आंधी के साथ बारिश ने ऐसा बरपाया कहर, खुद देख लें कैसा!

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अधिकारियों की अनदेखी के कारण बारिश में भीगी सरसों की बोरियां

Sirsa Weather: सरसा (सच कहूँ न्यूज)। मौसम में हुए एकाएक बदलाव के पश्चात जिलेभर में रात एक बजे तेज आंधी के बाद जोरदार बारिश शुरू हुई। सरसा शहर में 18 एमएम बारिश से शहर के मुख्य मार्गों व कालोनियों में जलभराव की स्थिति बन गई। मंडियों में खुले आसमान के नीचे पड़ा करीब 23 लाख क्विंटल गेहूं व सरसों भीग गई। आंधी के कारण जिले में 57 से अधिक पेड़ और 125 बिजली पोल क्षतिग्रस्त हुए है। शहर के फीडर ब्रेकडाउन होने के कारण आधे से अधिक शहर में करीब 12 घंटे तक बिजली सप्लाई बाधित रही। Weather Update

वीरवार देर रात को ही मौसम में बदलाव होना शुरू हो गया। रात एक बजे तेज आंधी ने दस्तक दे दी और करीब अढ़ाई बजे जिलेभर में तेज बारिश होना शुरू हो गई। दो घंटे तक शहर में 18 एमएम बारिश दर्ज की गई है। बारिश के कारण जिले के अधिकतम तापमान में चार डिग्री गिरावट दर्ज की गई है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38 व न्यूनतम तापमान 26 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम विभाग अनुसार अब दो दिनों तक जिले में बादलवाही होगी और इसके बाद पांच मई को फिर से बारिश होने के आसार है। तापमान में गिरावट होने से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। दिनभर ठंडी हवा चलने पर लोग भी घरों से बाहर निकलते मौसम का आनंद ले रहे है। शुक्रवार को कालांवाली, ओटू, रोड़ी में पांच, खुइयांमलकाना, गोलेवाला में 15 व अन्य स्थानों पर बूंदाबांदी हुई है।

उठान में देरी के कारण भीगा 23 लाख क्विंटल गेहूं | Weather Update

गेहूं की आवक होने के साथ ही जिले में गेहूं के उठान में देरी चल रही है। जिले में अब तक 77 लाख 26 हजार 764 क्विंटल गेहूं की आवक हुई है। जिसमें से अभी तक केवल 49 लाख 84 हजार 316 क्विंटल गेहूं का उठान हो पाया है। मंडियों में अभी तक 27 लाख 42 हजार 448 क्विंटल गेहूं का उठान होना शेष है। जिसमें से करीब पांच लाख क्विंटल गेहूं शेड के नीचे नहीं है और 23 लाख क्विंटल गेहूं बारिश में भीग गया। सरसा, कालांवाली, रोड़ी, डबवाली, रानियां, पनिहारी सहित सभी खरीद केंद्रों पर जलभराव की स्थिति बनी हुई है।

जलभराव होने के बाद आढ़तियों की तरफ से गेहूं के बैगों को पानी से बाहर निकाला जा रहा है। जबकि बिना पैकिंग के पड़े गेहूं वाले स्थानों से पानी की निकासी करवाने के प्रयास जारी है। बता दें कि अब अधिकतर किसानों की तरफ से गेहूं बेचा जा चुका है। मंडियों में पड़े गेहूं की जिम्मेदारी आढ़तियों व एजेंसियों की है। अधिकारियों की अनदेखी के कारण बारिश के कारण भीगी सरसों की बोरियां भरने व गेहूं की गिल्ली बोरियों के उठान का काम भी दिनभर जारी रहा।

शहर के कई क्षेत्रों में 12 घंटे तक गुल रही बिजली, आई 800 शिकायतें

रात को आंधी के कारण बिजली की तार टूटने, पोल क्षतिग्रस्त होने व फ्यूज उड?े व बिजली सप्लाई बाधित होने की शिकायतें सुविधा केंद्र में पहुंचना शुरू हो गई। रात 12 बजे से शुक्रवार दोपहर 12 बजे तक निगम के पास करीब 800 शिकायतें पहुंची है। तेज आंधी से शहर का बेगू रोड, डबवाली रोड, बरनाला रोड, मिनी बाइपास रोड व रानियां रोड क्षेत्र की बिजली सप्लाई बाधित रही है। शहर बेगू रोड व चत्तरगढ़पट्टी क्षेत्र में फीडर ब्रेकडाउन होने के कारण करीब 12 घंटे तक कई कालोनियों में सप्लाई बाधित रही। निगम कर्मचारी दिनभर बिजली सप्लाई दुरुस्त करने में जुटे रहे। आंधी के कारण जिले में 125 बिजली पोल गिर गए। निगम की तरफ से बिजली लाइनों को दुरुस्त किया जा रहा है।

शहर में जलभराव की स्थिति, खोदाई वाले स्थानों पर धंसे वाहन | Weather Update

शहर में वाटर ड्रेनेज लाइन डालने के लिए मुख्य मार्गों व बाजारों में खोदाई का कार्य चल रहा है। बारिश के बाद रोड पर जलभराव की स्थिति बनने व गड्ढों के कारण हिसारिया बाजार व रानियां रोड पर वाहन गड्ढों में धंस गए। इसके कारण वाहन चालकों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी। वहीं सुबह के समय जनता भवन रोड, नोहरिया बाजार, गोल डिग्गी चौक, हिसारिया बाजार, अनाज मंडी क्षेत्र, रानियां रोड, डबवाली रोड, बरनाला रोड पर कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति बनी रही। सीवरेज के ढक्कन खोलने व साफ करने के बाद कई क्षेत्रों से दोपहर बाद तक पानी की निकासी करवा दी गई।

कहीं पर पेड़ टूटे तो कहीं पर सोलर प्लेटों को हुआ नुकसान | Weather Update

तेज आंधी के कारण जिले में 57 से अधिक पेड़ों को नुकसान पहुंचना है। डबवाली से कालांवाली मार्ग पर पेड़ गिरने से आवाजाही बाधित हो गई। विभाग ने मार्ग से पेड़ हटवा आवाजाही सामान्य कर करवा दी। वहीं डिंग थाना क्षेत्र के गांव नरेलखेड़ा के पास स्थित ढाणी में पेड़ की बड़ी टहनी टूटकर सोलर प्लेटों पर गिर गई। जिससे प्लेटों को काफी नुकसान पहुंचा है। पीड़ित किसान विरसा सिंह ने बताया कि रात को आंधी के कारण पेड़ टूटकर सोलर प्लेटों पर गिर गया। जिससे सभी प्लेटें क्षतिग्रस्त हो गई है।

अंधड़ ने उखाड़े पेड़, टूटे खंभे तो किसानों का हुआ हजारों का नुकसान

रानियां (सच कहूँ/सुनील कुमार-राजेंद्र गाबा)। वीरवार देर रात्रिअचानक मौसम परिवर्तन के साथ आए अंधड़ ने क्षेत्र में काफी उत्पात मचाया, जिसमें सड़क किनारे खड़े पेड़ व बिजली के खंभे गिरने तथा किसानों के खेतों में पड़ी तुड़ी व भूसा उड़ गया। सड़कों पर पेड़ों के गिरने से शुक्रवार दोपहर तक यातायात प्रभावित रहा। वहीं खंबे टूटने से कई गांवों व ढाणियों की लाइट दोपहर तक बाधित रही। किसानों ने बताया कि एक तरफ

अंधड़ के साथ आई बारिश से उनकी नरमा व कपास की फसलों व पशुओं को कुछ हद तक गर्मी से राहत मिली तो वहीं दूसरी ओर खेतों में पड़ी गेहूं की तुड़ी व भूसा उड़ने से उन्हें हजारों का नुकसान का सामना भी करना पड़ा रहा है। किसानों का कहना है कि कपास व नरमा की बिजाई का समय चल रहा है और कुछ ही दिनों में बाजरी व ग्वार का समय भी आने वाला है। ऐसे में खरीफ की फसलों की बिजाई के लिए न तो घग्गर का पानी आ रहा है और ना ही भाखड़ा का पानी। भूमिगत पानी खारा होने से नरमा व कपास की बिजाई प्रभावित हो रही है। इस समय वे केवल बरसात के इंतजार में बैठे हैं ताकि समय रहते फसलों की बिजाई की जा सकें।

बारिश के कारण शेड से बाहर पड़ी गेहूं व सरसों की बोरियां भीगी है। जिन्हें सुखाया जा रहा है। बारिश से सरसा मंडी में कोई खास नुकसान नहीं है। – वीरेंद्र मेहता, सचिव, मार्केट कमेटी सरसा। तेज आंधी के कारण बिजली सप्लाई प्रभावित हुई थी। जिसे दुरुस्त कर दिया गया है। जिले में 125 बिजली पोल गिरे है। सभी लाइनों को दुरुस्त किया जा रहा है। शहरी क्षेत्र में बिजली सप्लाई शुरू कर दी गई है। Weather Update
– आरके सभ्रवाल, एसई, बिजली निगम सरसा।

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