Big contradictions in these general elections

राजनीति को न बनाएं शैतानों की शरणस्थली

इन आम चुनावों में बड़े विरोधाभास दिख रहे हैं। एक बड़ा विरोधाभास है राजनीतिक घोषणाओं एवं आश्वासनों का, जो तमाम अंधेरों के बीच चांद उगाने की कोशिशें कर रहा है। इन सबके बीच आप और हम उन चार अंधों को मिले हाथी की तरह है, जो अपने मापदंडों के साथ अपना-अपना सच परखने में जुटे […]
सम्पादकीय