Saint Dr MSG

''एक ही है ऐसा जो जन्म-मरण के चक्कर में नहीं आता''

पूज्य गुरु जी आगे फरमाते हैं कि मालिक, प्रभु, परमात्मा हमेशा था, है और हमेशा रहेगा, क्योंकि वो जन्म-मरण के चक्कर में नहीं आता। हालांकि वह प्रभु, परमात्मा सबके अंदर मौजूद है। हैरानीजनक है कि वो सबके अंदर है फिर भी वह जन्म-मरण में नहीं आता। इसलिए उसे सुप्रीम पावर कहा जाता है।
अध्यात्म