20 लाख खर्च कर बेटी को ऑस्ट्रेलिया भेजा, दिमाग की नस फटने से मौत

Published On

वैशाली के शव को भारत लाने के लिए 58 लाख आएगा खर्चा

  • परिवार के पास तीन एकड़ जमीन, खेती करके होता है गुजर बसर
  • बीकॉम सेकेंड ईयर में पढ़ाई कर रही थी वैशाली

कैथल (सच कहूँ/कुलदीप नैन)। Kaithal News: गांव सिरसल की लड़की वैशाली शर्मा की दिमाग की अचानक से नस फटने के चलते ऑस्ट्रेलिया के सिडनी में मौत हो गई। वैशाली करीब तीन महीने पहले पढ़ाई करने के लिए ऑस्ट्रेलिया गई थी। परिवार में वैशाली की दो छोटी बहनें हैं, जिनमें से एक की उम्र 11 साल है जो छठी कक्षा में पढ़ाई कर रही है, जबकि दूसरी बेटी की उम्र 9 साल है जो इस समय चौथी कक्षा में पढ़ रही है। परिवार ने कर्ज उठाकर लड़की को उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए विदेश भेजा था। जैसे ही परिवार के सदस्यों के पास लड़की की मौत की सूचना पहुंची तो परिजनों के पैरो तले से जमीन खिसक गयी।

वैशाली शर्मा के पिता प्रीतम सिंह ने बताया कि 19 वर्षीय वैशाली 3 महीने पहले ऑस्ट्रेलिया के सिडनी में उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए गई थी। वह काफी समय से जिद कर रही थी कि उसे विदेश में जाकर पढ़ाई करनी है | वैशाली इस समय बीकॉम सेकेंड ईयर में पढ़ाई कर रही थी। बीकॉम फर्स्ट ईयर के पढ़ाई वह कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से कर चुकी है और उसने सेकेंड ईयर में सिडनी के कॉलेज में दाखिला लिया हुआ था। वहीं रहकर पढ़ाई कर रही थी।

20 लाख खर्च कर भेजा था विदेश | Kaithal News

पिता प्रीतम सिंह ने बताया कि बेटी की जिद्द पर परिवार ने करीब साढे 20 लाख रुपए कर्ज पर लेकर लड़की को पढ़ाई के लिए ऑस्ट्रेलिया भेज दिया। परिवार के लोगों ने बताया कि उन्हें उम्मीद थी कि लड़की वहां पढ़ लिख कर अच्छी नौकरी लग जाएगी, जिससे उन्होंने जो खर्चा लगाकर उसे विदेश भेजा है वह भी चुका देंगे और साथ में परिवार की हालत भी सुधर जाएगी।

वैशाली के शव को भारत लाने के लिए 58 लाख आएगा खर्चा

पिता ने बताया कि अब लड़की के शव को वापस लाने के लिए करीब 58.77 लाख रुपए खर्च करने पड़ेंगे। परिवार ने सरकार व प्रशासन से गुहार लगाई है कि संकट की घड़ी में उनकी सहायता की जाए। पिता ने बताया कि उनके पास तीन एकड़ जमीन है। इस पर खेती करके परिवार का गुजर बसर होता है। अब बेटी से उम्मीद थी कि वह परिवार की दरिद्रता दूर करेगी, लेकिन अब परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

अंतिम बार बात हुई तो ठीक थी बेटी : पिता

पिता ने बताया कि अंतिम बार जब उनकी लड़की से बातचीत हुई तो वह ठीक-ठाक थी और कह रही थी कि उसकी पढ़ाई लिखाई ठीक चल रही है। परिवार को चिंता की जरूरत नहीं है। अगले ही दिन उनके पास सूचना पहुंची कि बेटी की नस फट गयी है, जैसे ही यह हादसा हुआ, आसपास के लोगों ने वहां की पुलिस को सूचना दी और लड़की को अस्पताल पहुंचाया गया, तो वहां उसकी इलाज के दौरान लड़की की मौत हो गई। Kaithal News

यह भी पढ़ें:– एयरो-स्केटोबॉल में प्रताप स्कूल के खिलाड़ियों ने 12 गोल्ड सहित 24 पदको पर किया कब्जा

About The Author

Related Posts