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भुखमरी का शिकार झारखंड, विज्ञापनों पर फिजूलखर्ची

झारखंड के अलग राज्य गठन का एक मात्र उद्देश्य यही था कि बिहार के इस पिछड़े हिस्से को विकास की रौशनी के साथ रौशन किया जाए। अफसोस नए राज्य में मुख्यमंत्री, मंत्री व आधिकारियों की फौज तो खड़ी हो गई परंतु इस पिछड़े राज्य की जनता के साथ विकास के वायदे फलित होते कहीं भी […]
सम्पादकीय