Railway Station Drinking Water: भारतीय रेलवे का विशेष सफाई अभियान, स्टेशनों पर साफ और सुरक्षित पेयजल सुनिश्चित करने पर जोर

रेलवे ने स्वच्छ पीने के पानी की सुविधाओं के लिए विशेष अभियान शुरू किया

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नई दिल्ली (एजेंसी)। Railways Cleanliness Drive: भारतीय रेलवे ने अपने नेटवर्क पर एक विशेष सफाई अभियान शुरू किया है। इसका उद्देश्य रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों के लिए सुरक्षित और साफ पीने का पानी लगातार उपलब्ध कराना है, जिसके लिए पीने के पानी की टंकियों और फिल्ट्रेशन सिस्टम की सफाई और उन्हें कीटाणु-मुक्त करने का काम किया जा रहा है। यह जानकारी एक आधिकारिक बयान में सोमवार को दी गई। 

 यह पहल इंडियन रेलवे में पीने के पानी की क्वालिटी मैनेजमेंट को बेहतर बनाने के लिए एक बड़े एक्शन प्लान का हिस्सा है। इसमें सिर्फ आखिरी पॉइंट पर पानी की टेस्टिंग करने के बजाय, पूरे पीने के पानी के सिस्टम की बार-बार जांच और रखरखाव पर जोर दिया गया है। साथ ही, पानी के सोर्स और इस्तेमाल की जगह, दोनों ही जगहों पर पानी की क्वालिटी की टेस्टिंग करने पर भी ध्यान दिया जाएगा।

इस अभियान के दौरान, जोनल रेलवे पानी के सोर्स, ट्रीटमेंट और फिल्टरेशन प्लांट, जमीन के नीचे और ऊपर बने टैंक, पीवीसी टैंक, वॉटर बूथ, नल और पानी निकालने वाली जगहों की पूरी जांच करेगी। पीने के पानी के सभी टैंक खाली किए जाएंगे, उनकी गाद निकाली जाएगी, उन्हें रगड़कर साफ किया जाएगा और कीटाणु-मुक्त किया जाएगा। 

बयान में कहा गया है कि टैंक के ढक्कन कसकर बंद हों और वेंट व ओवरफ्लो पॉइंट को पक्षियों, जानवरों और काई से बचाने के लिए जरूरी उपाय भी किए जाएंगे।

इस अभियान में उन कमियों की भी पहचान की जाएगी जिन्हें ठीक करने की जरूरत है। जहां भी जरूरत होगी, वहां खराब टैंक, पाइपलाइन और फिल्टर की मरम्मत की जाएगी या उन्हें बदला जाएगा। साथ ही, यह भी पक्का किया जाएगा कि पीने लायक और पीने लायक न होने वाले पानी के सिस्टम के बीच कोई क्रॉस-कनेक्शन न हो। पीने के पानी के सिस्टम से जुड़ी सभी पाइपलाइनों में लीकेज की जांच की जाएगी और पानी की बर्बादी रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।

उन जगहों पर खास ध्यान दिया जाएगा जहां पीने का पानी निकालने के लिए हैंड पंप और बोरवेल का इस्तेमाल हो रहा है। जोनल रेलवे यह पक्का करेगा कि ऐसे सिस्टम से मिलने वाला पानी दूषित न हो और पीने के लिए सुरक्षित हो।

रेलवे बोर्ड ने जोनल रेलवे को वॉटर कूलर और पानी साफ करने वाले सिस्टम की अच्छी तरह से जांच करने का निर्देश दिया है। कूलर में लगे पानी के टैंकों की अच्छी तरह सफाई की जाएगी, कूलर, पाइपलाइन और नल में लीकेज को तुरंत ठीक किया जाएगा और वॉटर-कूलर से पानी लेने वाली जगहों के आस-पास पूरी तरह साफ-सफाई बनाए रखी जाएगी।

वॉटर कूलर के लिए यूवी/आरओ प्यूरिफिकेशन सिस्टम ठीक से काम कर रहे हैं या नहीं, इसकी जांच की जाएगी और जहां जरूरत होगी, वहां इन्हें लगाया जाएगा। जहां भी जरूरी होगा, वहां तय समय पर मेंटेनेंस, सर्विसिंग, ओवरहॉलिंग और फिल्टर कैंडल व अन्य पुर्जों को समय पर बदलने का काम किया जाएगा। सिस्टम की हालत और जरूरत के आधार पर, नए यूवी/आरओ सिस्टम लगाने या पुराने सिस्टम को बदलने का काम भी तेजी से (मिशन मोड में) किया जाएगा।

सफाई, प्यूरिफिकेशन और क्वालिटी की निगरानी के लिए तय नियम वॉटर वेंडिंग मशीनों पर भी लागू होंगे, ताकि यह पक्का किया जा सके कि इन मशीनों से मिलने वाला पीने का पानी सुरक्षा और साफ-सफाई के जरूरी मानकों को पूरा करता हो।

अधिकारी चुनिंदा जगहों से पानी के सैंपल की फिजिकल, केमिकल और बैक्टीरियोलॉजिकल जांच करेंगे। इन जगहों में पानी के स्रोत, ट्रीटमेंट के बाद निकलने वाली जगह (आउटलेट), टैंक, कूलर, वेंडिंग मशीन और कुछ खास नल या बूथ शामिल होंगे, जहां भी ऐसा करना मुमकिन हो। रोजाना पानी में बचे क्लोरीन (रेसिडुअल-क्लोरीन) की निगरानी भी की जाएगी और जरूरत पड़ने पर तुरंत दोबारा क्लोरीन मिलाया जाएगा या कोई और जरूरी कदम उठाया जाएगा।

रेलवे बोर्ड ने जोनल रेलवे को यह भी निर्देश दिया है कि वे नए ओवरहेड और अंडरग्राउंड टैंक बनाने और पुराने टैंक बदलने के लिए पहले से मंजूर हो चुके कामों की निगरानी करें और उन्हें तेजी से पूरा करें। इन मंजूर कामों का ब्यौरा तैयार किया जाएगा और जहां भी जरूरत होगी, नए कामों की मंजूरी की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

जोनल रेलवे स्टेशन के हिसाब से उन कमियों का ब्यौरा और उन्हें ठीक करने के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी देंगे। इस व्यवस्था से कमियों की व्यवस्थित निगरानी में मदद मिलेगी और यह पक्का हो सकेगा कि स्पेशल ड्राइव के दौरान पहचानी गई समस्याओं को तय समय के भीतर हल किया जाए।

बयान में कहा गया है कि इस एक्शन प्लान में रेलवे कॉलोनियों और काम करने की जगहों पर पीने के पानी की सुविधाओं के लिए भी ऐसे ही उपाय करने की योजना है, ताकि यात्रियों के लिए बनी जगहों के अलावा सुरक्षित और साफ-सुथरे पीने के पानी पर भी ध्यान दिया जा सके।

Railway Station Drinking Water
Railway Station Drinking Water: भारतीय रेलवे का विशेष सफाई अभियान, स्टेशनों पर साफ और सुरक्षित पेयजल सुनिश्चित करने पर जोर

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