बकरियांवाली में एजेंसी करेंगी डेढ़ लाख टन कचरे का निस्तारण, हटेगा कूड़े का पहाड़
ग्रामीणों को कूड़े से मिलेगी राहत
सरसा (सच कहूँ/सुनील वर्मा) । गांव बकरियांवाली में वर्षों से जमा डेढ़ लाख टन कचरे के निस्तारण का रास्ता साफ हो गया है। अनुबंध से पहले का कचरा बताकर इसके निस्तारण से इनकार कर रही डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने वाली एजेंसी को अब पुराने कचरे का भी निपटान करना होगा।
उच्चाधिकारियों ने इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं। इसके लिए गांव में नई मशीनें लगाई जाएंगी। इससे कचरे के पहाड़ से परेशान ग्रामीणों और किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है। शहर से लाकर डाले गए कचरे के कारण आसपास के क्षेत्र में दुर्गंध, मक्खी-मच्छरों की भरमार और खेतों में कचरा फैलने की समस्या बनी हुई है। तेज हवा चलने पर कचरा उड़कर खेतों में पहुंच जाता है, जिससे किसानों को परेशानी होती है। ग्रामीण इस समस्या को लेकर कई बार धरना-प्रदर्शन कर चुके हैं और प्लांट को दूसरी जगह शिफ्ट करने की मांग उठा चुके हैं।
अनुबंध से पहले का कचरा बताकर किया था इनकार
शहर से डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने और उसके निस्तारण का ठेका 20 साल से अधिक अवधि के लिए पूजा वेस्ट मैनेजमेंट प्राइवेट लिमिटेड, रोहतक के पास है। एजेंसी पुराने कचरे को अनुबंध से पहले का बताकर उसका निस्तारण करने से इनकार कर रही थी। इसके बाद डीएमसी सहित जिला अधिकारियों ने उच्चाधिकारियों से पत्राचार किया, जिसके बाद एजेंसी को पुराने कचरे का निस्तारण करने के निर्देश दिए गए। अब कंपनी नई मशीनें लगाने की तैयारी कर रही है। गांव बकरियांवाली में वर्ष 2006 में कूड़ा निस्तारण प्लांट लगाया गया था। वर्तमान में यहां करीब डेढ़ लाख टन कचरा जमा बताया जा रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, प्लांट के कारण मक्खी-मच्छरों की समस्या बढ़ गई है और घरों में मक्खियां भरी रहती हैं।
संबंधित एजेंसी को पुराने कचरे के निस्तारण के निर्देश जारी किए गए हैं। इसके लिए नई मशीनें लगाने की योजना है, ताकि कचरे का निस्तारण जल्द किया जा सके। - सुरेंद्र बैनीवाल, डीएमसी