शिक्षा और रोजगार
Haryana News: नागरिक से दुर्व्यवहार पर सीएम सख्त, गुरुग्राम नगर निगम का पटवारी सस्पेंड
गुरुग्राम और मानेसर के सभी आठ जोन में कमेटियां एक माह में सौंपेंगी रिपोर्ट
गुरुग्राम, सच कहूँ/संजय मेहरा। Haryana News: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बुधवार को यहां जिला लोक संपर्क एवं कष्ट निवारण समिति की बैठक में आमजन की शिकायतों और लापरवाही अधिकारियों पर सख्ती दिखाई। उन्होंने एक नागरिक से दुर्व्यवहार करने पर नगर निगम के पटवारी को निलंबित करने के आदेश दिए। साथ ही गलत प्रॉपर्टी आईडी बनाने वाले अधिकारी का 50 प्रतिशत वेतन काटने के आदेश दिए।
बैठक में कुल 15 परिवाद सुनवाई के लिए रखे गए, जिनमें से मुख्यमंत्री ने 11 का मौके पर ही निपटारा किया, जबकि शेष चार मामलों को आगामी बैठक तक लंबित रखने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इन मामलों में की गई कार्रवाई की स्टेटस रिपोर्ट अगली बैठक में प्रस्तुत करने को कहा। बैठक में हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह, पटौदी की विधायक बिमला चौधरी, सोहना के विधायक तेजपाल तंवर और गुरुग्राम के विधायक मुकेश शर्मा भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने नगर परिषद पटौदी-जाटौली मंडी क्षेत्र से संबंधित एक शिकायत की सुनवाई करते हुए गलत तरीके से प्रॉपर्टी आईडी बनाने तथा निर्धारित नियमों एवं प्रक्रियाओं की अनदेखी के मामले को गंभीरता से लिया।
जांच में सामने आया कि तत्कालीन बिल्डिंग इंस्पेक्टर और म्युनिसिपल इंजीनियर ने सक्षम अधिकारी की पूर्व अनुमति के बिना निर्धारित प्रक्रिया का पालन किए बगैर प्रॉपर्टी आईडी बनाई थीं। मुख्यमंत्री ने ड्यूटी में गंभीर लापरवाही बरतने पर दोनों अधिकारियों की तीन माह तक 50 प्रतिशत सेलरी काटने, उनके चार्जशीट करने तथा हरियाणा के एनसीआर जिलों से बाहर तबादला करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने गुरुग्राम और मानेसर नगर निगम क्षेत्रों में सार्वजनिक शौचालयों की स्वच्छता एवं रखरखाव से जुड़ी शिकायतों पर संज्ञान लेते हुए जांच के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बैठक में एक नागरिक की शिकायत पर सुनवाई करते हुए नगर निगम गुरुग्राम के पटवारी द्वारा गलत व्यवहार किए जाने के मामले को गंभीरता से लिया। शिकायतकर्ता के साथ दुर्व्यवहार की बात सामने आने पर मुख्यमंत्री ने संबंधित पटवारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों के साथ सम्मानजनक व्यवहार करना प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी की जिम्मेदारी है। सरकारी कार्यालयों में अपने कार्यों के लिए आने वाले लोगों के साथ दुर्व्यवहार या उनकी शिकायतों की अनदेखी किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने सडक के जीर्णोद्धार कार्य में लापरवाही बरतने और निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य नहीं किए जाने से संबंधित शिकायत पर सुनवाई करते हुए मामले को गंभीरता से लिया। उन्होंने लोक निर्माण विभाग के संबंधित कार्यकारी अभियंता की एक माह की सेलरी काटने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के सरकारी स्कूलों के आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए 2,000 करोड़ रुपये से अधिक की योजना को मंजूरी दी गई है। इसके तहत दिसंबर 2027 के अंत तक 400 से अधिक सरकारी स्कूलों को नए भवन उपलब्ध करवाए जाएंगे।
Comments