Punjab: पंजाब की महिलाओं को बड़ी सौगात! 18 साल से अधिक उम्र की महिलाओं के खातों में ट्रांसफर हुए ₹1100 करोड़, जानें किसे मिले ₹1000 और किसे ₹1500
पंजाब की महिलाओं को बड़ी सौगात! 18 साल से अधिक उम्र की महिलाओं के खातों में ट्रांसफर हुए ₹1100 करोड़, जानें किसे मिले ₹1000 और किसे ₹1500
Punjab: चंडीगढ़: पंजाब सरकार ने राज्य की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। 1 जुलाई को मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने गृह जिले धूरी (संगरूर) से एक नई वित्तीय सहायता योजना की शुरुआत की। इसके तहत 18 वर्ष या उससे अधिक आयु की पात्र महिलाओं के बैंक खातों में कुल ₹1100 करोड़ की राशि ट्रांसफर की गई।
सरकार के अनुसार, इस योजना का लाभ लाखों महिलाओं को मिलेगा। राशि सीधे डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी गई है, जिससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और आसान बनी रहे।
किसे मिलेंगे ₹1000 और किसे ₹1500? Punjab
योजना के तहत सामान्य (जनरल) वर्ग की पात्र महिलाओं को ₹1000 प्रति माह दिए जा रहे हैं। वहीं अनुसूचित जाति (SC) वर्ग की पात्र महिलाओं को ₹1500 प्रति माह की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। सरकार का कहना है कि इस योजना का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक मजबूती देना और उनके दैनिक खर्चों में सहयोग करना है।
धूरी से हुई योजना की शुरुआत
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने गृह जिले धूरी से इस योजना का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं के कल्याण और उनके आर्थिक सशक्तिकरण के लिए लगातार काम कर रही है। सरकार का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि पात्र महिलाओं को बिना किसी परेशानी के समय पर आर्थिक सहायता मिलती रहे।
महिलाओं को मिलेगा सीधा लाभ
इस योजना का सबसे बड़ा फायदा यह है कि सहायता राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जा रही है। इससे बिचौलियों की भूमिका खत्म होगी और महिलाओं को तय समय पर पूरी राशि मिल सकेगी। सरकार का मानना है कि इससे महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और वे अपनी जरूरतों को बेहतर तरीके से पूरा कर सकेंगी।
सरकार की बड़ी पहल
पंजाब सरकार की यह योजना महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। नियमित आर्थिक सहायता मिलने से लाखों महिलाओं को घरेलू खर्चों, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य आवश्यक जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलने की उम्मीद है।