Fraud: फर्जी वसीयत और मृत्यु प्रमाण पत्र से पैतृक भूमि हड़पने का आरोप

दादा की मौत 1987 में, 2000 दर्शाकर करवाया नामांतरण

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हनुमानगढ़। पैतृक कृषि भूमि पर कब्जा करने के लिए कथित रूप से फर्जी वसीयतनामा और कूटरचित मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार कर राजस्व रिकॉर्ड में नाम दर्ज करवाने के आरोप में पीलीबंगा थाना पुलिस ने पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार रामप्रताप (52) पुत्र बद्रीराम कुम्हार निवासी निहालखेड़ा तहसील अबोहर जिला फाजिल्का, पंजाब ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसके दादा दुलाराम पुत्र सदूराम के नाम तहसील पीलीबंगा के चक 10 एसटीबी में खाता संख्या 49 की 6.325 हैक्टेयर खातेदारी कृषि भूमि दर्ज थी, जो उनके परिवार की पैतृक संपत्ति है। Hanumangarh News

रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि रोशनी देवी पत्नी ख्यालीराम, उसके पुत्र कालूराम और सुरेन्द्र कुमार निवासी दौलतांवाली तथा भागीरथ पुत्र हरीराम जाट और श्योपत पुत्र चेतराम स्वामी निवासी मक्कासर ने आपसी मिलीभगत से उक्त भूमि हड़पने के उद्देश्य से कूटरचित दस्तावेज तैयार किए। परिवादी का आरोप है कि उसके दादा की मृत्यु वर्ष 1987 में हो चुकी थी, लेकिन आरोपियों ने वर्ष 2012 में जारी कराए गए मृत्यु प्रमाण पत्र में मृत्यु तिथि 29 जनवरी 2000 दर्ज करवाई।

परिवादी के अनुसार आरोपियों ने दुलाराम के नाम से 11 दिसम्बर 1998 का एक कथित फर्जी वसीयतनामा भी तैयार किया, जिसमें नकली अंगूठे और हस्ताक्षरों का इस्तेमाल किया गया। इसी वसीयत और मृत्यु प्रमाण पत्र के आधार पर तहसीलदार पीलीबंगा के समक्ष नामांतरण के लिए आवेदन प्रस्तुत किया गया। रिपोर्ट में कहा गया है कि 15 सितम्बर 2025 को नामांतरण की प्रक्रिया शुरू करवाई गई और बाद में कथित रूप से फर्जी दस्तावेजों तथा गवाहों के बयानों के आधार पर 4 दिसम्बर 2025 को राजस्व रिकॉर्ड में भूमि रोशनी देवी के नाम दर्ज करवा ली गई।

परिवादी ने दावा किया कि उसके दादा की मृत्यु वर्ष 1987 में हुई थी तथा उनकी अस्थियां हरिद्वार में विसर्जित की गई थीं। इस संबंध में बही-खातों में दर्ज रिकॉर्ड भी उपलब्ध होने का उल्लेख रिपोर्ट में किया गया है। पुलिस ने परिवादी की रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज किया है। प्रकरण की जांच थाना प्रभारी जगदीश प्रसाद कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि मामले में लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है तथा दस्तावेजों की सत्यता की पड़ताल के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

जमीन पर जबरन कब्जे और धोखाधड़ी से केसीसी बनवाने का आरोप

हनुमानगढ़। बरवाली निवासी एक महिला शिक्षिका ने अपनी खातेदारी भूमि पर जबरन कब्जा करने, खेत में अवैध रूप से बुआई करने तथा कथित रूप से गलत तरीके से केसीसी (किसान क्रेडिट कार्ड) बनवाकर धोखाधड़ी करने का आरोप लगाते हुए दो भाइयों के खिलाफ मामला दर्ज कराया है।

गोगामेड़ी थाना पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार रचना गोदारा (60) पत्नी डॉ. जगदीश चन्द्र गोदारा निवासी बरवाली हाल सेक्टर 16-17, हिसार, हरियाणा, अपने पति के साथ थाने पहुंची और रिपोर्ट दर्ज कराई। रचना गोदारा वर्तमान में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय डाबड़ी, भादरा में शिक्षिका के पद पर कार्यरत हैं, जबकि उनके पति डॉ. जगदीश चन्द्र गोदारा हरियाणा पशुपालन विभाग से उप मंडल अधिकारी पद से सेवानिवृत्त हैं।

रिपोर्ट में बताया गया कि गांव बरवाली की बिरानी में स्थित करीब 3.5 बीघा कृषि भूमि उनके नाम वर्ष 2010 में पंजीकृत हुई थी और तब से वे उक्त भूमि पर काबिज हैं। भूमि के नामांतरण से संबंधित मामला वर्तमान में एसडीएम न्यायालय में विचाराधीन है। परिवादिया ने आरोप लगाया कि महेन्द्र सिंह पुत्र चन्द्रभान तथा विजय सिंह पुत्र चन्द्रभान ने उनकी भूमि पर कथित रूप से गलत तरीके से केसीसी बनवा रखी है। आरोप है कि मई 2026 में उन्होंने स्वयं खेत की जुताई करवाई थी, लेकिन बाद में दोनों भाइयों ने जबरन खेत में प्रवेश कर ट्रैक्टर से बुआई कर दी। Hanumangarh News

महिला शिक्षिका ने दो भाइयों के खिलाफ दर्ज कराई रिपोर्ट, जांच शुरू

रचना गोदारा ने बताया कि इस संबंध में 17 जून 2026 को पुलिस थाने में शिकायत दी गई थी, जिस पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया था। हालांकि जमानत पर रिहा होने के बाद भी आरोपी कथित रूप से भूमि पर अपना दावा जताते हुए उन्हें और उनके परिवार को परेशान कर रहे हैं।

रिपोर्ट में यह भी आरोप लगाया गया है कि उनके रिश्तेदार कृष्ण पुत्र अमर सिंह, जो उक्त भूमि की खेती करते हैं, को भी महेन्द्र सिंह ने फोन कर खेत में नहीं जाने की चेतावनी दी और खेती नहीं करने देने की बात कही। पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। प्रकरण की जांच एएसआई महेन्द्र सिंह को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि भूमि विवाद, केसीसी से संबंधित दस्तावेजों तथा दोनों पक्षों के दावों की जांच की जा रही है। जांच के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। Hanumangarh News

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