Ganesh Raj Bansal FIR: विधायक गणेश राज बंसल के समर्थन में माकपा का कलक्ट्रेट समक्ष प्रदर्शन
निर्वाचित पार्षदों को डराने-धमकाने का आरोप, आंदोलन तेज करने की चेतावनी
Ganesh Raj Bansal FIR: हनुमानगढ़ (सच कहूँ न्यूज़ )। नगर परिषद हनुमानगढ़ के सभापति चुनाव से पहले निर्दलीय विधायक गणेश राज बंसल के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने के विरोध में भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के कार्यकर्ता भी शनिवार को उनके समर्थन में सड़कों पर उतर आए। माकपा कार्यकर्ताओं ने निर्वाचित पार्षदों को पुलिस की ओर से डराने-धमकाने का आरोप लगाते हुए जिला कलक्ट्रेट के समक्ष प्रदर्शन किया।
इससे पहले जिलेभर से माकपा कार्यकर्ता पार्टी कार्यालय में एकत्र हुए। यहां नारेबाजी करते हुए कार्यकर्ता कलक्ट्रेट पहुंचे। कलक्ट्रेट परिसर में प्रवेश को लेकर पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच तनातनी की स्थिति बन गई। पुलिस बल ने कार्यकर्ताओं को अंदर जाने से रोक दिया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट के मुख्य गेट के सामने धरना देकर सभा की। हाथों में लाल झंडे लिए कार्यकर्ताओं ने प्रशासन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
कलक्ट्रेट गेट पर हुई सभा में वक्ताओं ने प्रशासन पर सत्ता के कथित दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने विधायक गणेश राज बंसल के समर्थकों के व्यावसायिक ठिकानों पर प्रशासनिक कार्रवाई का भी विरोध किया। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रदेश में जनता का जनादेश भाजपा और कांग्रेस के खिलाफ आया है। हनुमानगढ़ नगर परिषद के चुनाव का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि 60 वार्डांे में भाजपा को 15 और कांग्रेस को 10 वार्डांे में जीत मिली है।
वक्ताओं ने आरोप लगाया कि चुनाव में जीत दर्ज करने वाले पार्षदों और विपक्ष से जुड़े लोगों को दबाव में लेने के प्रयास किए जा रहे हैं। उनके परिवारों के व्यावसायिक ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है तथा उन्हें डराने-धमकाने के आरोप भी लगाए गए। वक्ताओं ने कहा कि पार्षदों पर भाजपा के पक्ष में मतदान करने का दबाव बनाया जा रहा है।
'सभापति चुनाव के समय दर्ज की एफआईआर'
वक्ताओं ने आरोप लगाया कि हनुमानगढ़ के निर्दलीय विधायक गणेश राज बंसल के खिलाफ 23 साल पुराने प्रकरण में सभापति चुनाव के समय एफआईआर दर्ज की गई है। उन्होंने इसे राजनीतिक दबाव से जोड़ते हुए कहा कि लोकतंत्र में जनता के जनादेश का सम्मान होना चाहिए। माकपा नेताओं ने कहा कि हनुमानगढ़ में जनादेश का सम्मान करने की परंपरा रही है। आरोप लगाया कि भाजपा और उसके नेता इस परंपरा को तोड़ने का प्रयास कर रहे हैं। वक्ताओं ने भाजपा से चुनाव परिणाम को स्वीकार करने की बात कहते हुए कहा कि जनता ने जिसे जनादेश दिया है, उसका सम्मान किया जाना चाहिए।
'छापेमारी हुई तो कलक्ट्रेट-एसपी कार्यालय घेरेंगे'
सभा में वक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि पुलिस की ओर से निर्वाचित पार्षदों के खिलाफ छापेमारी या अन्य कार्रवाई जारी रही और किसी भी पार्षद को हिरासत में लिया गया तो आंदोलन तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में बड़ी संख्या में माकपा कार्यकर्ता जिला कलक्ट्रेट और एसपी कार्यालय का घेराव करेंगे। वक्ताओं ने कहा कि लाल झंडे के कार्यकर्ता कलक्ट्रेट और एसपी कार्यालय के समक्ष धरना देकर बैठेंगे और अधिकारियों को बाहर नहीं निकलने देने की चेतावनी दी। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने प्रशासन और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।