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Sarson Tel Scheme: सरसों तेल को लेकर आई बड़ी अपडेट! इस हिसाब से मिलेगा अब सरसों का तेल
2 लोगों तक 500 एमएल, 6 लोगों तक 1 लीटर और 6 से अधिक लोगों पर 1.5 लीटर तेल मिलेगा
Sarson Tel Scheme: रेवाड़ी (सच कहूँ न्यूज़)। हरियाणा में बीपीएल और एएवाई श्रेणी के राशन कार्ड धारकों के लिए सरसों के तेल के वितरण की व्यवस्था में बदलाव किया गया है। अब पात्र परिवारों को कार्ड में दर्ज यूनिट की संख्या के आधार पर सरसों का तेल दिया जाएगा। प्रदेश में करीब 39.89 लाख बीपीएल-एएवाई परिवारों को इस योजना का लाभ मिलेगा। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के अनुसार, जिन राशन कार्डों पर 2 यूनिट तक सदस्य दर्ज हैं, उन्हें 500 मिलीलीटर सरसों का तेल उपलब्ध कराया जाएगा। वहीं 6 यूनिट तक वाले कार्ड पर 1 लीटर तथा 6 से अधिक यूनिट वाले राशन कार्ड पर 1.5 लीटर तेल दिया जाएगा।
विभागीय अधिकारियों के मुताबिक, पहले पात्र परिवारों को प्रत्येक राशन कार्ड पर 2 लीटर सरसों का तेल दिया जाता था। बाद में परिवार की यूनिट संख्या को आधार बनाकर तेल की मात्रा निर्धारित करने की व्यवस्था लागू की गई है। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के प्रशासनिक अधिकारी के अनुसार, नई व्यवस्था का उद्देश्य उपलब्ध तेल को पात्र परिवारों की यूनिट संख्या के अनुरूप वितरित करना है।
अगस्त से अक्टूबर तक करीब 104 लाख लीटर तेल की व्यवस्था
विभाग ने अगस्त, सितंबर और अक्टूबर के लिए कुल करीब 104 लाख लीटर सरसों के तेल की व्यवस्था की है। इनमें अगस्त के लिए लगभग 30 लाख लीटर, जबकि सितंबर और अक्टूबर के लिए करीब 37-37 लाख लीटर तेल की व्यवस्था बताई गई है। विभाग की ओर से जिलों को निर्देश दिए गए हैं कि तीनों महीनों के लिए उपलब्ध तेल को राशन डिपो के माध्यम से पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाया जाए। जानकारी के मुताबिक, 10 से 15 अक्टूबर के बीच तेल जिला कनेक्टेड फोकल प्वाइंट तक पहुंचने की प्रक्रिया रहेगी। इसके बाद 15 से 20 अक्टूबर के बीच तेल राशन डिपो तक पहुंचाया जाएगा। 21 अक्टूबर से लाभार्थियों को तेल का वितरण शुरू किया जाना है।
डिपो पर हर महीने की 1 तारीख से मिलेगा तेल
नई व्यवस्था के तहत लाभार्थियों को प्रत्येक महीने की 1 तारीख से तेल उपलब्ध कराने की योजना है। इसके लिए तेल की आपूर्ति पहले जिला स्तर पर और फिर राशन डिपो तक सुनिश्चित की जाएगी। तेल की बोतल की बिक्री के लिए आवश्यक प्रक्रिया भी निर्धारित की गई है। बोतल पर बिक्री संबंधी जानकारी दर्ज होगी और पैकिंग/वितरण की प्रक्रिया विभागीय नियमों के अनुसार होगी।
सरसों के तेल की गुणवत्ता पर भी विभाग की निगरानी रहेगी। खाद्य विभाग के निर्देशों के अनुसार जिलास्तर पर संबंधित अधिकारी तेल की मात्रा और गुणवत्ता की जांच करेंगे। तेल की गुणवत्ता सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी आपूर्ति करने वाली एजेंसी की भी होगी।
डिपो संचालकों ने कमीशन बढ़ाने की मांग उठाई
राशन डिपो संचालकों की ओर से तेल वितरण पर मिलने वाले कमीशन को लेकर भी मांग रखी गई है। डिपो संचालकों का कहना है कि तेल के लेन-देन पर उन्हें कम से कम 5 रुपये कमीशन मिलना चाहिए। डिपो संचालकों के संगठन ने कमीशन समय पर उपलब्ध कराने की मांग भी रखी है। संगठन की ओर से यह भी कहा गया है कि यदि निर्धारित समय पर कमीशन नहीं मिलता है तो भुगतान को लेकर आगे की प्रक्रिया अपनाई जा सकती है। विभाग की ओर से डिपो संचालकों को नियमों के अनुसार तेल वितरण और रिकॉर्ड बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।