अंगदानी वंश बंसल को राज्यपाल ने किया सलाम, पिता टोनी बंसल इन्सां को किया सम्मानित
मानवता और संवेदनशीलता की अनूठी मिसाल बने लहरागागा निवासी
चंडीगढ़, (सच कहूँ/अश्वनी चावला)। मानवता और संवेदनशीलता की अनूठी मिसाल बने लहरागागा निवासी 11 माह के मासूम अंगदानी वंश बंसल (Organ Donor Vansh Bansal)के पिता टोनी बंसल इन्सां को पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विशेष तौर पर सम्मानित किया। वंश के निधन के बाद उसके माता-पिता ने पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की पावन शिक्षाओं से प्रेरणा लेते हुए असहनीय दुख की घड़ी में भी मानवता को सर्वोपरि रखा और उसके अंगदान का निर्णय लिया था। इस महान पहल से आठ जरूरतमंद लोगों को नया जीवन मिल सका। Punjab News
स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने टोनी बंसल इन्सां को सम्मानित कर परिवार के अदम्य साहस, त्याग और मानवता के जज्बे को सलाम किया। समारोह में राज्यपाल, चंडीगढ़ के चीफ सचिव तथा डीसी चंडीगढ़ ने टोनी बंसल इन्सां से विशेष रूप से मंच पर बातचीत की और उनके इस मानवीय कार्य की सराहना की। समारोह के समापन पर भी राज्यपाल ने टोनी बंसल इन्सां से मुलाकात की। महज 11 माह की उम्र में वंश का दुनिया से विदा होकर आठ जिंदगियों को रोशन कर जाना समाज के लिए भावुक करने वाला और प्रेरणादायक संदेश है।
अपने कलेजे के टुकड़े को खोने के असहनीय दर्द के बीच माता-पिता द्वारा लिया गया यह निर्णय मानवता की सर्वोच्च मिसाल बनकर सामने आया है। राज्यपाल द्वारा दिया गया सम्मान केवल टोनी बंसल इन्सां का सम्मान नहीं, बल्कि वंश बंसल की अमर स्मृति और उसके माता-पिता के उस अदम्य साहस को नमन है, जिसने दुख की घड़ी में भी कई परिवारों के जीवन में उम्मीद की नई किरण जगाई। वर्णनीय है कि 11 महीने के नन्हे वंश की मई 2025 में एक हादसे में मौत हो गई थी। परिजनों ने मानवता के लिए बड़ा दिल दिखाते हुए वंश के 23 मई 2025 को पीजीआई चंडीगढ़ में उसके अंग दान कर दिए थे। Punjab News