शिक्षा और रोजगार
मुख्य सचिव ने गलता गेट पर जयपुर मेट्रो की भूमिगत सुरंग निर्माण का किया शुभारंभ
जयपुर मेट्रो के विस्तार कार्य समयबद्ध ढंग से पूरे करने, सुरक्षा और ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण पर विशेष ध्यान देने के निर्देश
जयपुर (सच कहूँ न्यूज़)। Jaipur News: मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने जयपुर मेट्रो के विस्तार कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने तथा निर्माण के दौरान श्रमिकों और आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कार्यकारी एजेंसियों को श्रमिकों की सुरक्षा सर्वोपरि रखते हुए यातायात प्रबंधन और धूल नियंत्रण संबंधी निर्धारित मानकों की पूर्ण पालना सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण पर विशेष ध्यान देने तथा आसपास की ऐतिहासिक इमारतों की निगरानी रिपोर्ट की नियमित समीक्षा करने के भी निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने शनिवार को गलता गेट पर सुरंग निर्माण मशीन ‘प्रताप’ (टीबीएम) का संचालन शुरू कर जयपुर मेट्रो के चरण-1सी के तहत भूमिगत सुरंग निर्माण का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि जयपुर मेट्रो मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा की महत्वाकांक्षी परियोजना है और चरण-1सी के तहत सुरंग निर्माण की शुरुआत इसके विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होने गुणवत्तापूर्ण निर्माण कार्यों के लिए जयपुर मेट्रो के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री वैभव गालरिया तथा उनकी पूरी टीम की सराहना की।
चरण-1सी के तहत करीब 1,511 करोड़ रुपए की लागत से बड़ी चौपड़ से गलता गेट होते हुए ट्रांसपोर्ट नगर तक 3.80 किलोमीटर लंबा मेट्रो मार्ग विकसित किया जाएगा। इसमें लगभग तीन किलोमीटर भूमिगत मेट्रो मार्ग और 0.80 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड मेट्रो मार्ग शामिल है। गलता गेट पर भूमिगत स्टेशन बनाया जाएगा।
जयपुर मेट्रो के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री वैभव गालरिया ने बताया कि गलता गेट से सुरंग निर्माण शुरू करने वाली मशीन को जून-जुलाई 2027 तक बड़ी चौपड़ पहुंचाने का लक्ष्य है। इसके बाद नई सुरंग को मौजूदा चरण-1बी से जोड़ा जाएगा। परियोजना को पूरा करने का लक्ष्य जुलाई 2028 है।
उन्होंने बताया कि चरण-1डी के तहत मानसरोवर से अजमेर रोड चौराहे तक करीब 1.35 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड मेट्रो मार्ग और एक स्टेशन बनाया जा रहा है। इस खंड का कार्य जून 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य है। चरण-1सी और चरण-1डी के पूरा होने पर ट्रांसपोर्ट नगर से अजमेर रोड चौराहे तक मेट्रो संपर्क उपलब्ध होगा और शहर के पूर्वी तथा पश्चिमी हिस्सों के बीच सार्वजनिक परिवहन की सुविधा बढ़ेगी।
श्री गालरिया ने बताया कि वैशाली नगर, जगतपुरा और अजमेर रोड जैसे विकसित हो रहे क्षेत्रों को मेट्रो नेटवर्क से जोड़ने के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट भी तैयार करवाई जा रही है।