विश्वस्तरीय सुविधाओं लैस भारत मंडपम की तर्ज पर जयपुर में बनेगा राजस्थान मंडपम!

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सीएम भजनलाल शर्मा ने ली उच्चस्तरीय बैठक

जयपुर (सच कहूं/गुरजंट सिंह धालीवाल)। भारत मण्डपम की तर्ज पर जयपुर में राजस्थान मण्डपम का निर्माण किया जाएगा। यह राजस्थान मंडपम राज्य की कला, संस्कृति और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सांस्कृतिक और व्यावसायिक आयोजनों के लिए प्रमुख आकर्षण का केन्द्र बनेगा। इसके निर्माण को लेकर सोमवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा (CM Bhajan Lal Sharma) ने अधिकारियों की बैठक ली। इसमें उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जयपुर में बनने वाले इस मंडपम को विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस बनाया जाए। Jaipur News

इसमें आधुनिक तकनीक और परंपरागत राजस्थानी वास्तुकला का बेहतरीन संयोजन किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को मण्डपम के निर्माण को समयबद्व पूरा करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री निवास पर राजस्थान मण्डपम के निर्माण की तैयारियों को लेकर आयोजित बैठक में सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इसमें बनने वाले एग्जीबिशन हॉल, ओपन हॉल तथा ऑडिटोरियम में दर्शक क्षमता का पूरा ध्यान रखा जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मेक इन इंडिया तथा वन नेशन वन प्रोडक्ट के तहत स्वदेशी उत्पाद को बढ़ावा देने के लिए मंडपम में यूनिटी मॉल का भी निर्माण किया जाएगा। इस मॉल में सभी तरह की आवश्यक सुविधाएं विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए यहां संसाधन विकसित किया जाए। उन्होंने मंडपम में बनने वाले यूनिटी मॉल, पार्किंग, दुकानें एवं ऑडिटोरियम सहित पूरे मास्टर प्लान की समीक्षा की। बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव मुख्यमंत्री कार्यालय शिखर अग्रवाल, प्रमुख शासन सचिव उद्योग अजिताभ शर्मा, रिको के प्रबंध निदेशक इंद्रजीत सिंह, एनबीसीसी के मुख्य प्रबंध निदेशक केपी महादेव स्वामी उपस्थित थे। Jaipur News

आपको बता दें राजस्थान की उप मुख्यमंत्री व वित मंत्री दीया कुमारी ने बजट में राजस्थान मंडपम की घोषणा की थी। इसे मूर्त रूप देने के लिए जयपुर विकास प्राधिकरण (जेडीए), पर्यटन विभाग व रीको के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है। राजस्थान मंडपम में भारत मंडपम जैसी कन्वेंशन सुविधा विकसित करने का भी प्रस्ताव रखा गया है। इसके लिए जयपुर के जयसिंहपुरा खोर में 35 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की गई है, जिसकी अनुमानित लागत 100 करोड़ रुपये है। रीको और एनबीसीसी के अधिकारियों की बैठक में प्रोजेक्ट की रूपरेखा पर चर्चा हुई।

इसके माध्यम से राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की मीटिंग्स, कॉन्फ्रेंस, एग्जिबिशन और टूरिज्म से जुड़ी सुविधाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध हो सकेंगी। इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के जरिए राजस्थान के आर्थिक और सांस्कृतिक विकास को एक नई दिशा मिलेगी। पर्यटन निगम को प्रोजेक्ट के लिए कार्यकारी एजेंसी बनाया गया है। जिस तरह से सीतापुरा में जेईसीसी का निर्माण करवाया गया था, उससे भी कई गुना बड़ा और अत्यधिक सुख सुविधाओं से परिपूर्ण राजस्थान मंडपम बनाया जाएगा। पर्यटन विभाग की ओर से जेडीए को भूमि आवंटन की मंजूरी देने के लिए पत्र भी लिखा गया है। करीब 2 साल में इस प्रोजेक्ट का कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। Jaipur News

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