प्रार्थना में है अधिक ताक़त, योगाभ्यास के लाभ बढ़ाने के लिए प्रार्थना जरूरी

आयुष मंत्रालय ने बताया सही तरीका

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नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 (21जून) के आयोजन में अब केवल एक सप्ताह का समय शेष रह गया है। ऐसे में आयुष मंत्रालय लोगों को योग के प्रति जागरूक करने और योगाभ्यास की सही विधियों की जानकारी देने के लिए लगातार संदेश जारी कर रहा है। मंत्रालय ने कहा है कि योग की हर यात्रा शांति और सकारात्मकता के साथ शुरू होनी चाहिए। इसके लिए योगाभ्यास की शुरुआत प्रार्थना के साथ करना बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। International Yoga Day

आयुष मंत्रालय के अनुसार, योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करने की एक संपूर्ण प्रक्रिया है। योग का पूरा लाभ तभी प्राप्त किया जा सकता है जब अभ्यास की शुरुआत सही मानसिक अवस्था के साथ की जाए। मंत्रालय का कहना है कि प्रार्थना मन को शांत करने, विचारों को केंद्रित करने और शरीर को योगाभ्यास के लिए तैयार करने में मदद करती है।

मंत्रालय ने अपने संदेश में कहा कि योग सत्र शुरू करने से पहले कुछ क्षणों के लिए मन को स्थिर करना और कृतज्ञता का भाव अपनाना चाहिए। इससे व्यक्ति का ध्यान वर्तमान क्षण पर केंद्रित होता है और योगाभ्यास अधिक प्रभावी बनता है। प्रार्थना के साथ शुरुआत करने से मन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है, जो पूरे अभ्यास के दौरान एकाग्रता और सामंजस्य बनाए रखने में सहायक होती है।

योगाभ्यास से पहले किसी शांत और आरामदायक स्थान पर बैठें, जहां मन भटकने के बजाय पूरी तरह केंद्रित हो सके। प्रार्थना की शुरुआत आभार व्यक्त करते हुए करें। जीवन, परिवार, अच्छे स्वास्थ्य और जीवन में मिले अवसरों के लिए ईश्वर और प्रकृति के प्रति धन्यवाद का भाव रखें। यह सकारात्मक सोच मन को शांति और स्थिरता देती है। International Yoga Day

इस साल अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की थीम ‘स्वस्थ उम्र के लिए योग’ रखी गई है। इसका उद्देश्य लोगों को यह समझाना है कि नियमित योगाभ्यास से न केवल शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर होता है, बल्कि मानसिक और भावनात्मक संतुलन भी बना रहता है। बढ़ती उम्र में स्वस्थ और सक्रिय जीवनशैली बनाए रखने के लिए योग को एक प्रभावी माध्यम माना जाता है।

आयुष मंत्रालय ने लोगों से अपील की है कि वे योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाएं और इसकी शुरुआत प्रार्थना या प्रार्थना के भाव से करें। मंत्रालय का मानना है कि इस छोटी-सी शुरुआत से योगाभ्यास के लाभ कई गुना बढ़ सकते हैं और व्यक्ति को आंतरिक शांति, मानसिक स्पष्टता तथा बेहतर स्वास्थ्य प्राप्त हो सकता है। International Yoga Day

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