Trident Factory: पंजाब में ट्राइडेंट फैक्ट्री होगी बंद! हजारों कर्मी चिंतित
पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीपीसीबी) द्वारा फैक्ट्री को जारी किए नोटिस ने छेड़ी चर्चा
बरनाला (सच कहूँ/जसवीर गहल)। Trident Factory Barnala: देश की प्रमुख औद्योगिक इकाई और पंजाब की अर्थव्यवस्था की रीढ़ मानी जाने वाली ‘ट्राइडेंट ग्रुप’ को बंद करने संबंधी कथित नोटिस के कारण हजारों कर्मचारियों की चिंता बढ़ गई है। ये कर्मचारी अपने परिवारों का पालन-पोषण ट्राइडेंट ग्रुप पर निर्भर हैं। फैक्ट्री सूत्रों के अनुसार, पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीपीसीबी) ने नियमों के कथित उल्लंघन के आरोप में यह नोटिस लगभग एक सप्ताह पहले जारी किया है। संबंधित विभाग के अधिकारियों द्वारा बेशक इसे 30 जून को चेयरमैन प्रदूषण बोर्ड के सामने आम प्रक्रिया माना जा रहा है, लेकिन कहीं न कहीं फैक्ट्री से सीधे और अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े लाखों लोगों का रोजगार खतरे में नजर आ रहा है।
जानकारी के अनुसार, 1 जून को जारी नोटिस फैक्ट्री को पूर्ण रूप से बंद करने का ही आदेश साबित हो सकता है। उल्लेखनीय है कि ट्राइडेंट केवल एक फैक्ट्री नहीं है, बल्कि बरनाला और आसपास के अनगिनत गाँवों की आर्थिक रीढ़ है। फैक्ट्री के बंद होने से न केवल हजारों कर्मचारी बेरोजगार होंगे, बल्कि फैक्ट्री से अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े हजारों अन्य लोगों की नौकरी पर भी असर पड़ेगा। इतना ही नहीं, फैक्ट्री पर ताला लगने से सरकारी खजाने को जीएसटी के रूप में हर साल करोड़ों रुपये का वित्तीय नुकसान भी झेलना पड़ेगा। इस घटना के दौरान स्थानीय जिले के गाँव धौला स्थित फैक्ट्री से कई महत्वपूर्ण कर्मचारियों को मध्यप्रदेश के बुद्धनी भेजने की जानकारी भी मिली है। इसके अलावा, कंपनी ने उत्पादों से संबंधित नए आॅर्डर लेना भी बंद कर दिया है। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि ट्राइडेंट के खिलाफ पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की कार्रवाई राजनीतिक बदलेखोरी का हिस्सा है।
क्योंकि कुछ माह पहले ही ट्राइडेंट ग्रुप के मालिक राजेन्द्र गुप्ता ने आम आदमी पार्टी को अलविदा कहकर अन्य 6 राज्य सभा सांसदों के साथ भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए थे। इसके तुरंत बाद ही पंजाब में ट्राइडेंट के प्लांटों पर प्रदूषण बोर्ड द्वारा सख्ती की गई। ताजा कार्रवाई भी उसी राजनीतिक बदलेखोरी का हिस्सा मानी जा रही है। इस घटनाक्रम के दौरान ही मंगलवार को डिप्टी कमिश्नर बरनाला हरप्रीत सिंह और जिला पुलिस प्रमुख मुहम्मद सरफराज आलम ने राजेन्द्र गुप्ता से उनके स्थानीय ट्राइडेंट कॉम्प्लेक्स में एक घंटे से अधिक समय तक बंद कमरे में बैठक भी की।
पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एक्शन अधिकारी सुरेन्द्रजीत सिंह ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि ट्राइडेंट ग्रुप द्वारा प्रदूषण नियमों के उल्लंघन के संबंध में यह नोटिस जारी किया गया है। उन्होंने कहा कि 30 जून को चेयरमैन प्रदूषण बोर्ड के सामने मामले की आधिकारिक सुनवाई तय की गई है। उन्होंने यह भी कहा कि नोटिस में कंपनी को कानून के दायरे में रहकर अपना पक्ष रखने का पूरा मौका दिया गया है। इस घटनाक्रम के दौरान भाजपा के नव-नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने भी मंगलवार को ट्राइडेंट ग्रुप के मालिक और राज्यसभा सांसद राजेन्द्र गुप्ता से मुलाकात की। भले ही इसे राजेन्द्र गुप्ता की स्वास्थ्य स्थिति से जोड़ा जा रहा है, लेकिन जानकारी के अनुसार ढिल्लों ने उन्हें भरोसा दिलाया कि भाजपा उनके साथ खड़ी है।