Fuel Prices in India: मिडिल ईस्ट तनाव के बीच भारत में तेल और गैस को लेकर सरकार का बड़ा बयान

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Fuel Prices in India:  नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच भारत में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कमी को लेकर फैल रही अफवाहों पर केंद्र सरकार ने शुक्रवार (27 मार्च 2026) को स्पष्ट और सख्त रुख अपनाया। सरकार ने साफ कहा कि देश में ईंधन की कोई कमी नहीं है और कम से कम अगले दो महीनों तक आपूर्ति पूरी तरह सुनिश्चित है। सरकार के कई मंत्रालयों द्वारा आयोजित संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि देश में तेल और गैस की सप्लाई पूरी तरह नियंत्रण में है। अधिकारियों ने जानकारी दी कि कमर्शियल एलपीजी की सप्लाई को 70 प्रतिशत तक बहाल कर दिया गया है और करीब 30 हजार टन गैस कमर्शियल उपभोक्ताओं को उपलब्ध कराई जा चुकी है। इसके अलावा 5 किलोग्राम वाले 30 हजार छोटे सिलेंडर भी वितरित किए गए हैं, जिससे छोटे व्यापारियों और जरूरतमंदों को राहत मिली है।

प्रेस ब्रीफिंग में यह भी कहा गया कि पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त उपलब्धता है, लेकिन अफवाहों के कारण कई जगह पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। सरकार ने जनता से अपील की है कि वे घबराहट में आकर अनावश्यक भंडारण न करें। खाड़ी क्षेत्र में रह रहे भारतीय नागरिकों को लेकर भी सरकार ने भरोसा दिलाया कि पिछले 24 घंटों में सभी नागरिक सुरक्षित हैं और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

लॉकडाउन की अफवाहों पर भी सरकार ने विराम लगाते हुए कहा कि देश में लॉकडाउन लगाने का कोई विचार नहीं है और न ही ऐसा कोई निर्णय लिया गया है। सरकार के अनुसार, देश में करीब एक लाख पेट्रोल पंप हैं, जिनमें से 91 हजार सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों द्वारा संचालित हैं। इन सभी पर ईंधन की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित की गई है। अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि दो महीने की सप्लाई तो पहले से तैयार है और इसके अलावा भी पर्याप्त भंडार मौजूद है। सरकार ने अंत में एक बार फिर दोहराया कि देश में तेल और गैस की कोई कमी नहीं है और जनता को अफवाहों से दूर रहकर सामान्य तरीके से अपनी जरूरतों को पूरा करना चाहिए।

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