मंडी कालांवाली के सचखंडवासी सोनी इन्सां की पार्थिव देह मेडिकल शोध के लिए दान, आँखें भी देखेंगी जहान

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इलाही नारों एवं पुष्पवर्षा के बीच 21वें शरीरदानी सोनी इन्सां को दी अंतिम विदाई

ओढ़ां (सच कहूँ/राजू)। एक वो समय था जब इंसानी देह के अभाव में मेडिकल के छात्र जानवरों के मृत शरीरों पर शोध करते थे। ऐसे में पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां ने अमर सेवा मुहिम शुरू की। इस मुहिम के तहत डेरा सच्चा सौदा के लाखों अनुयायियों ने प्रतिज्ञा पत्र भरकर ये प्रण लिया कि उनके मरणोपरांत उनकी मृत देह को जलाने की बजाय मेडिकल शोध कार्यों हेतु दान किया जाएगा। इस मुहिम के तहत अब तक हजारों शरीरदान हो चुके हैं। Sirsa News

आज मेडिकल कॉलेज इस पुनित कार्य के लिए डेरा सच्चा सौदा का आभार व्यक्त कर रहे हैं। इस कड़ी में एक नाम और जुड़ा ब्लॉक श्री जलालआणा साहिब की मंडी कालांवाली के वार्ड नंबर 5 निवासी प्रेमी सोनी (सोनू) इन्सां का। जिनकी पार्थिव देह को मेडिकल शोध कार्यों हेतु दान कर दिया गया। वहीं नेत्र ज्योति मुहिम के तहत उनकी आँखें भी दान की गई। सोनी इन्सां को मंडी कालांवाली के 21वें शरीरदानी का गौरव प्राप्त हुआ। मंडी कालांवाली में मुनीम का कार्य करने वाले 47 वर्षीय सोनी (सोनू) इन्सां को बीते शुक्रवार सायं हृदयाघात होने के चलते अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।

सोनी इन्सां ने पूज्य गुरुजी से नाम शब्द लिया हुआ था। शनिवार को उनके पुत्रों विनय इन्सां व नमन इन्सां ने पूज्य गुरु जी की पावन प्रेरणाओं पर चलते हुए अपने पिता सोनी इन्सां की पार्थिव देह जीवन ज्योति आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल लोढ़ा, जिला अलीगढ़ (उत्तरप्रदेश) को दान कर दी। वहीं उनकी दोनों आँखें पूजनीय माता करतार कौर जी इंटरनेशनल आई बैंक सरसा को दान की गई। सोनी इन्सां की आँखें 2 अंधेरी जिंदगियों में उजाले का सबब बनेगी तो वहीं उनकी मृत देह मेडिकल के छात्रों के शोध कार्यों में काम आएगी।

इलाही नारों एवं पुष्पवर्षा के बीच किया रुखस्त | Sirsa News

शरीरदानी सोनी इन्सां को अंतिम विदाई देने हेतु शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेलफेयर कमेटी के सदस्य, साध-संगत, परिजन एवं रिश्तेदार व गणमान्य लोगों सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। उपस्थितजनों ने सचखंडवासी सोनी इन्सां अमर रहे एवं जब तक सूरज चांद रहेगा-प्रेमी सोनी इन्सां तेरा नाम रहेगा के नारे लगाकर, पुष्पवर्षा कर एवं सैल्यूट कर उनकी मृत देह को फूलों से सजी गाड़ी में अंतिम विदाई दी। मंडी कालांवाली के जोन नंबर एक के प्रेमी सेवक राजू इन्सां ने बताया कि सोनी इन्सां बेहद ही शालीन एवं मिलनसार स्वभाव के धनी इंसान थे। उनकी कमी हमेशा महसूस होगी।

वहीं इस अवसर पर मौजूद प्रेमी ओमप्रकाश इन्सां ने कहा कि डेरा सच्चा सौदा के अनुयायी मरणोपरांत शरीरदान जैसा महा दान कर इंसानियत का फर्ज निभा रहे हैं। अब तक मंडी कालांवाली में 21 शरीरदान हो चुके हैं, जोकि एक बहुुत बड़ा उदाहरण है। ये सब पूज्य गुरु जी की पावन शिक्षाओं के चलते ही हो रहा है।

डेरा सच्चा सौदा द्वारा सैकड़ों समाजसेवी कार्य चलाए जा रहे हैं जोकि काबिले तारीफ हैं। डेरा की शरीरदान व नेत्रदान करने ये मुहिम बेहद ही सराहनीय है। आज के स्वार्थी युग में ऐसे उदाहरण बहुत कम देखने को मिलते हैं। मंडी कालांवाली में इससे पहले भी अनेकों डेरा अनुयायियों के शरीरदान हो चुके हैं। डेरा सच्चा सौदा के अनुयायी समाज की सेवा में हमेशा ही अग्रणी रहे हैं। Sirsa News
– किरणदीप कौर, एमसी (वार्ड नंबर 5, मंडी कालांवाली)

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