9 माह से लापता युवक को डेरा श्रद्धालुओं ने परिजनों से मिलवाकर निभाई इन्सानियत 

युवक के परिजनों ने पूज्य गुरु जी व डेरा श्रद्धालुओं का जताया आभार

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मूनक (सच कहूँ/मोहन सिंह)। पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की पावन प्रेरणा पर चलते हुए डेरा श्रद्धालुओं ने करीब आठ-नौ माह से बिहार से लापता एक युवक को उसके परिजनों से मिलाकर मानवता की सेवा का सराहनीय कार्य किया। जानकारी देते हुए सच्चे नम्र सेवादार हरचरण इन्सां व जगदीश राय इन्सां ने बताया कि लगभग 20 वर्षीय एक युवक कई दिनों से मूनक स्थित घग्गर नदी के आसपास घूम रहा था। जब आसपास के खेतों में काम कर रहे लोगों को इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने डेरा श्रद्धालुओं से संपर्क किया। इसके बाद लावारिस हालत में घूम रहे युवक को एमएसजी डेरा सच्चा सौदा व मानवता भलाई केन्द्र, मूनक में लाया गया वहाँ डेरा श्रद्धालुओं ने उक्त युवक की देखभाल की।

उसे स्नान कराया, भोजन कराया तथा नए कपड़े पहनाए। जब उससे उसके घर-परिवार के बारे में पूछा गया तो उसने अपना नाम मिथलेश कुमार, पिता ननन मांझी, निवासी करनपुरा, जिला बसैली (बिहार) बताया। इसके बाद सेवादारों ने उसके घर-परिवार का पता लगाने का प्रयास किया और बिहार के डेरा श्रद्धालुओं से संपर्क किया। उन्होंने करनपुरा गाँव के सरपंच की सहायता से जानकारी जुटाई, जिससे पुष्टि हुई कि यह युवक मिथलेश कुमार ही है, जो उनके परिवार का छोटा बेटा है और करीब आठ-नौ माह पहले बिना बताए घर से चला गया था। परिवार ने उसे आसपास सहित कई स्थानों पर तलाश किया, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला और अंतत: निराश होकर घर लौटना पड़ा। डेरा श्रद्धालुओं के प्रयासों से इतने लंबे समय बाद मिथलेश कुमार के परिवार से मिलने पर परिजनों ने पूज्य गुरु जी तथा डेरा श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया।

वहीं एसएचओ विनोद कुमार ने ‘सच कहूँ’ से बातचीत करते हुए बताया कि यह युवक करीब आठ-नौ माह से घर से लापता था। मूनक में यह डेरा श्रद्धालुओं को लावारिस अवस्था में मिला था और इसकी स्थिति अत्यंत दयनीय थी। डेरा श्रद्धालुओं ने उसकी देखभाल की और उसके घर का पता लगाने के लिए कड़ी मेहनत की। उन्होंने एआई की सहायता भी ली। डेरा सच्चा सौदा के सेवादारों ने युवक द्वारा बताए गए बिहार के पते पर जानकारी जुटाई और गाँव के सरपंच की मदद से पुष्टि की कि यह युवक मिथलेश कुमार ही है, जो कई माह से लापता था।

आज उसके परिजन, जिनमें उसका बड़ा भाई धमेन्द्र मांझी और राजीव कुमार शामिल हैं, उसे घर ले जाने के लिए स्वयं मूनक पहुंचे। इसके बाद पुलिस की मौजूदगी में युवक को उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। एसएचओ विनोद कुमार ने समाजसेवी व डेरा सच्चा सौदा के श्रद्धालुओं का धन्यवाद करते हुए कहा कि वे हमेशा ऐसे मानवता-सेवा के कार्य करते रहते हैं। इस अवसर पर पुलिस कर्मचारियों में सुरेश कुमार (मुंशी), वरिन्द्र सिंह, हरी राम इन्सां प्रेमी सेवक मूनक, रतन इन्सां, गुरपाल इन्सां, सोमा इन्सां सहित अन्य उपस्थित थे।

मूनक। एसएचओ विनोद कुमार की मौजूदगी में डेरा श्रद्धालु लापता युवक को उसके परिजनों को सौंपते हुए।

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