उत्तर पश्चिम रेलवे की आय में शानदार बढ़ोतरी,दो माह में 1358 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित
3.17 करोड़ यात्रियों से 656 करोड़ और 5.39 मिलियन टन माल ढुलाई से 702 करोड़ रुपये की आय,दोनों मदों में 17 प्रतिशत वृद्धि
जोधपुर। चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 के शुरुआती दो महीनों में उत्तर पश्चिम रेलवे ने राजस्व अर्जन के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। यात्री एवं माल परिवहन दोनों क्षेत्रों में बेहतर प्रदर्शन के बल पर रेलवे ने अप्रैल और मई के दौरान कुल 1358 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया है। यात्री आय और माल ढुलाई आय दोनों में पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 17 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।
उत्तर पश्चिम रेलवे द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार अप्रैल एवं मई 2026 के दौरान 3.17 करोड़ यात्रियों ने रेल सेवाओं का उपयोग किया,जिससे रेलवे को 656 करोड़ रुपये की आय प्राप्त हुई। वहीं 5.39 मिलियन टन माल की ढुलाई कर रेलवे ने 702 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया।
उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन ने बताया कि महाप्रबंधक अमिताभ के नेतृत्व में रेलवे संरक्षा,समयपालन,यात्री सुविधाओं के विस्तार तथा आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ बनाने पर विशेष ध्यान दे रहा है। निर्माण और विद्युतीकरण कार्यों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप पूरा करने के प्रयासों का सकारात्मक प्रभाव रेलवे के परिचालन और आय दोनों पर दिखाई दे रहा है।
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी का कहना है कि उपलब्ध संसाधनों के बेहतर उपयोग,यात्री सेवाओं में सुधार और माल परिवहन की दक्षता बढ़ाने के कारण राजस्व में यह उल्लेखनीय वृद्धि संभव हो सकी है। यात्री और माल परिवहन संचालन में उत्तर पश्चिम रेलवे ने भारतीय रेल के विभिन्न जोनों के बीच अपनी अलग पहचान बनाई है। रेलवे के अनुसार बढ़ी हुई आय का उपयोग यात्रियों को आधुनिक,सुरक्षित और सुविधाजनक रेल सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए किया जाएगा। इससे भविष्य में यात्री सुविधाओं और रेलवे की विभिन्न परियोजनाओं को भी गति मिलेगी